Delhi: राजधानी दिल्ली में शुक्रवार सुबह मौसम ने अचानक करवट ली जिससे लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली। शहर के कई इलाकों में बादल छाने के साथ जोरदार बारिश, धूलभरी आंधी और बिजली कड़कने का सिलसिला देखा गया। पिछले कई दिनों से
Delhi: राजधानी दिल्ली में शुक्रवार सुबह मौसम ने अचानक करवट ली जिससे लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली। शहर के कई इलाकों में बादल छाने के साथ जोरदार बारिश, धूलभरी आंधी और बिजली कड़कने का सिलसिला देखा गया। पिछले कई दिनों से 43 डिग्री सेल्सियस के पार जा रहे तापमान के बीच इस बारिश ने लोगों को थोड़ी ठंडक पहुँचाई है।
IMD ने येलो अलर्ट क्यों जारी किया और इसका क्या मतलब है?
India Meteorological Department (IMD) के रीजनल वेदर फोरकास्टिंग सेंटर ने दिल्ली और NCR के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। इसका मतलब है कि आने वाले कुछ घंटों में गरज-चमक के साथ मध्यम धूलभरी आंधी और हल्की बारिश की संभावना है। विभाग ने लोगों को अपडेट रहने और सावधानी बरतने की सलाह दी है क्योंकि तेज हवाओं की वजह से ट्रैफिक और बिजली आपूर्ति पर असर पड़ सकता है।
तापमान में कितनी गिरावट आई और आगे क्या होगा?
शुक्रवार 23 मई को दिल्ली में हवा की रफ्तार 30 से 50 किमी प्रति घंटा तक रही। इससे पहले सफदरजंग स्टेशन पर तापमान 43.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। पिछले 24 घंटों में अधिकतम तापमान में करीब 1 डिग्री और न्यूनतम तापमान में 1-2 डिग्री की कमी आई है। हालांकि, IMD के मुताबिक यह राहत ज्यादा समय तक नहीं रहेगी और 24 से 29 मई के बीच फिर से हीटवेव (लू) चलने की पूरी संभावना है।
क्या मानसून आने वाला है?
Skymet Weather के एक्सपर्ट्स का मानना है कि मौसम में आ रहे ये बदलाव उत्तर भारत में प्री-मानसून एक्टिविटी का संकेत हो सकते हैं। उनके अनुसार जून की शुरुआत से यह गतिविधियां और ज्यादा तेज हो सकती हैं। फिलहाल दिल्ली के लोगों को आने वाले छह दिनों में तापमान में फिर से 2-3 डिग्री की बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
दिल्ली में येलो अलर्ट का क्या मतलब है?
IMD द्वारा जारी येलो अलर्ट का मतलब है कि दिल्ली और NCR के कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ धूलभरी आंधी और हल्की बारिश हो सकती है, जिसके लिए नागरिकों को तैयार रहने की सलाह दी गई है।
क्या दिल्ली में गर्मी फिर से बढ़ेगी?
हाँ, IMD के अनुसार 24 मई से 29 मई के बीच हीटवेव की स्थिति बनी रहेगी और तापमान में 2-3 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि हो सकती है।