Delhi में 29 लाख वोटर पते पर नहीं मिले, 17 अगस्त को लिस्ट से कट सकता है नाम
Delhi: दिल्ली में वोटर लिस्ट को सही करने के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान में एक बड़ा अपडेट आया है। करीब 29 लाख मतदाता अपने रजिस्टर्ड पते पर नहीं मिले हैं, जिसकी वजह से उनके नाम वोटर लिस्ट से हटाए जा सकते हैं। यह संख्या द
Delhi: दिल्ली में वोटर लिस्ट को सही करने के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान में एक बड़ा अपडेट आया है। करीब 29 लाख मतदाता अपने रजिस्टर्ड पते पर नहीं मिले हैं, जिसकी वजह से उनके नाम वोटर लिस्ट से हटाए जा सकते हैं। यह संख्या दिल्ली के कुल मतदाताओं का लगभग 15 से 20 प्रतिशत है।
चुनाव आयोग ने बताया कि लोग अपना पता अपडेट नहीं कराते या बहुत से लोग अब उस पते पर नहीं रह रहे हैं, इस वजह से ऐसा हुआ है। इसके अलावा पुराने रिकॉर्ड और प्रवासी आबादी भी एक बड़ी वजह है। जो लोग शिफ्ट हो गए हैं या जिनकी मृत्यु हो चुकी है, उनके नाम भी इस प्रक्रिया में हटाए जाएंगे। भारत निर्वाचन आयोग के बूथ लेवल अधिकारियों (BLOs) ने घर-घर जाकर यह सत्यापन किया है।
इस पूरी प्रक्रिया के लिए कुछ जरूरी तारीखें तय की गई हैं। विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान की अवधि 8 अगस्त तक बढ़ाई गई थी। अब 17 अगस्त को ड्राफ्ट वोटर लिस्ट जारी होगी। इस लिस्ट के आने के बाद 17 अगस्त से ही लोग अपनी आपत्तियां दर्ज करा सकते हैं और दावे पेश कर सकते हैं। पूरी प्रक्रिया खत्म होने के बाद 19 अक्टूबर को फाइनल वोटर लिस्ट प्रकाशित की जाएगी।
दिल्ली के उप-निर्वाचन मुख्य अधिकारी प्रशांत प्रसाद ने बताया कि अगर किसी का नाम पुरानी लिस्ट से हट गया है और उन्होंने नए वोटर आईडी के लिए अप्लाई किया है, तो वे 17 अगस्त के बाद फॉर्म 6 भरकर नया रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। वहीं, अगर पुरानी लिस्ट में नाम है लेकिन जानकारी गलत है, तो 17 अगस्त के बाद फॉर्म 8 के जरिए सुधार कराया जा सकता है।
दूसरे राज्यों से आए लोगों को सलाह दी गई है कि अगर उनके राज्य में SIR प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, तो वे दिल्ली में दोबारा SIR फॉर्म न भरें, क्योंकि इससे रजिस्ट्रेशन में दिक्कत आ सकती है। साथ ही, जिन महिलाओं ने शादी के बाद दूसरे देश से भारत की नागरिकता ली है, उन्हें पहले गृह मंत्रालय से नागरिकता की प्रक्रिया पूरी करनी होगी।