Delhi: दिल्ली की अनधिकृत कॉलोनियों में रहने वाले लोगों के लिए अपनी संपत्तियों को नियमित कराने का रास्ता खुल गया है। सरकार ने इसके लिए ‘स्वगम पोर्टल’ (Swagam Portal) लॉन्च किया है, जिससे अब लोग ऑनलाइन आवेदन कर
Delhi: दिल्ली की अनधिकृत कॉलोनियों में रहने वाले लोगों के लिए अपनी संपत्तियों को नियमित कराने का रास्ता खुल गया है। सरकार ने इसके लिए ‘स्वगम पोर्टल’ (Swagam Portal) लॉन्च किया है, जिससे अब लोग ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। हालांकि, पोर्टल शुरू होते ही लापरवाही सामने आई है, जहां पहले दो दिनों में आए 419 आवेदनों में से 153 को दस्तावेजों की कमी के कारण रद्द कर दिया गया है।
स्वगम पोर्टल पर आवेदन कैसे करें और क्या हैं नियम?
संपत्तियों के नियमितीकरण के लिए आवेदन पूरी तरह से ऑनलाइन mcdonline.nic.in/swagam पोर्टल के जरिए होंगे। आवेदन के लिए पीएम-उदय केस आईडी (PM-UDAY Case ID) और आधार कार्ड का होना जरूरी है। जो लोग सही दस्तावेज अपलोड नहीं करेंगे या जिनके पास आधार नहीं होगा, उनके आवेदन खारिज कर दिए जाएंगे। मदद के लिए MCD के 12 क्षेत्रीय कार्यालयों में हेल्प डेस्क बनाए गए हैं और 700 से ज्यादा प्रोफेशनल्स लोगों की सहायता करेंगे।
कितनी कॉलोनियों को मिलेगा फायदा और क्या होगी प्रक्रिया?
कुल 1,731 अनधिकृत कॉलोनियों में से 1,511 को ‘जैसा है, जहां है’ के आधार पर नियमित किया जाएगा। इससे करीब 50 लाख निवासियों को लाभ मिलने की उम्मीद है। पूरी प्रक्रिया को समयबद्ध रखा गया है, जिसमें 7 दिन में जीआईएस सर्वे, 15 दिन में कमियों को सुधारना और 45 दिन के भीतर हस्तांतरण विलेख (Conveyance Deed) जारी करना शामिल है। 27 अप्रैल से विभिन्न जोन में कैंप लगाकर लोगों को पंजीकरण की जानकारी दी जाएगी।
निर्माण और जुर्माने से जुड़ी जरूरी बातें
DDA के अनुसार, प्रॉपर्टी मालिक 6 मीटर की ऊंचाई तक बिना मंजूरी के निर्माण कर सकते हैं, लेकिन इससे ज्यादा ऊंचाई के लिए जुर्माना देना होगा। साथ ही, पुनर्विकास के समय अंदरूनी सड़कों की चौड़ाई कम से कम 6 मीटर और मुख्य रास्ते की चौड़ाई 9 मीटर होना अनिवार्य है। मास्टर प्लान के FAR से ज्यादा निर्माण करने पर सामान्य शुल्क से तीन गुना जुर्माना लगेगा। वन क्षेत्र, यमुना बाढ़ क्षेत्र और हाई टेंशन लाइन जैसे इलाकों को इस योजना से बाहर रखा गया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
स्वगम पोर्टल पर आवेदन के लिए कौन से दस्तावेज जरूरी हैं?
आवेदन के लिए आधार कार्ड और पीएम-उदय केस आईडी (PM-UDAY Case ID) अनिवार्य है। सभी दस्तावेजों को पीडीएफ फॉर्मेट में अपलोड करना होगा।
कौन सी कॉलोनियां इस नियमितीकरण योजना से बाहर हैं?
वन क्षेत्र, संरक्षित भूमि, यमुना बाढ़ क्षेत्र (जोन-ओ), हाई टेंशन लाइन क्षेत्र, दिल्ली रिज और मास्टर प्लान की सड़कों के राइट ऑफ वे में आने वाली कॉलोनियां इस योजना का हिस्सा नहीं हैं।