Delhi: राजधानी के सर गंगा राम अस्पताल के डॉक्टरों ने एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। यहाँ एक युवा महिला के दोनों हाथों का सफल प्रत्यारोपण किया गया है। इस महिला ने एक हादसे में चारा काटने वाली मशीन की वजह से अपने दोनों हाथ ग
Delhi: राजधानी के सर गंगा राम अस्पताल के डॉक्टरों ने एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। यहाँ एक युवा महिला के दोनों हाथों का सफल प्रत्यारोपण किया गया है। इस महिला ने एक हादसे में चारा काटने वाली मशीन की वजह से अपने दोनों हाथ गंवा दिए थे, जिसके बाद वह पूरी तरह दूसरों पर निर्भर हो गई थी। डॉक्टरों की इस कोशिश से अब उसे नई जिंदगी मिली है।
कैसे हुआ यह सफल ऑपरेशन और कौन था डोनर
यह जटिल सर्जरी 21 अप्रैल 2026 को की गई थी। इस ऑपरेशन के लिए एक ब्रेन-डेड पुरुष के परिवार ने अंग दान करने की सहमति दी थी। अस्पताल के प्लास्टिक सर्जरी और माइक्रो सर्जरी विभाग के डॉक्टरों ने इस पूरी प्रक्रिया को अंजाम दिया। डॉ. अनुभव गुप्ता और उनकी टीम ने इसमें अहम भूमिका निभाई। इस सर्जरी में एनेस्थीसिया, न्यूरोलॉजी और फिजियोथेरेपी जैसे कई विभागों के विशेषज्ञों ने मिलकर काम किया।
अस्पताल के लिए यह क्यों है बड़ी उपलब्धि
सर गंगा राम अस्पताल के मुताबिक, यह यहाँ किया गया दूसरा द्विपक्षीय (Bilateral) हाथ प्रत्यारोपण है। डॉ. अनुभव गुप्ता ने बताया कि यह सिर्फ एक सर्जरी नहीं थी, बल्कि एक बहुत ही बारीकी से तय किया गया प्रोसेस था, जहाँ कुछ मिनटों की देरी भी ग्राफ्ट को खराब कर सकती थी। डॉक्टरों का मुख्य मकसद महिला को शारीरिक रूप से ठीक करने के साथ-साथ उसे सम्मान देना था ताकि वह अपने दो बच्चों की देखभाल खुद कर सके।
मरीज की मौजूदा हालत क्या है
इस सफल सर्जरी की जानकारी 26 अप्रैल 2026 को सामने आई। बताया गया है कि मरीज की हालत अब स्थिर है और वह धीरे-धीरे ठीक हो रही है। डॉक्टरों ने इस मौके पर अंग दान के महत्व को भी समझाया। उन्होंने कहा कि अंग दान से उन लोगों को दोबारा मौका मिलता है जो अपनी रोजमर्रा की जरूरतों के लिए दूसरों के सहारे रहते हैं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
यह सर्जरी कब की गई और खबर कब आई?
यह सर्जरी 21 अप्रैल 2026 को की गई थी और इसकी आधिकारिक खबर 26 अप्रैल 2026 को सामने आई।
महिला ने अपने हाथ कैसे खोए थे?
महिला ने चारा काटने वाली मशीन से हुए एक हादसे में अपने दोनों हाथ गंवा दिए थे।