Delhi: दिल्ली पुलिस ने घरों में काम करने वाले नौकरों और किरायेदारों के वेरिफिकेशन की प्रक्रिया को बहुत सख्त कर दिया है। हाल के दिनों में बिना वेरिफिकेशन वाले कर्मचारियों की वजह से हुए कुछ गंभीर अपराधों के बाद यह कदम उठाय
Delhi: दिल्ली पुलिस ने घरों में काम करने वाले नौकरों और किरायेदारों के वेरिफिकेशन की प्रक्रिया को बहुत सख्त कर दिया है। हाल के दिनों में बिना वेरिफिकेशन वाले कर्मचारियों की वजह से हुए कुछ गंभीर अपराधों के बाद यह कदम उठाया गया है। अब शहर के सभी जिलों में इस अभियान को तेज कर दिया गया है ताकि लोग अपने घरों में सुरक्षित महसूस कर सकें।
वेरिफिकेशन की प्रक्रिया क्या है और कैसे करें आवेदन
अगर आप दिल्ली में किसी घरेलू सहायक को काम पर रखते हैं, तो उनका वेरिफिकेशन कराना कानूनी रूप से अनिवार्य है। इसके लिए आपको Delhi Police की वेबसाइट से फॉर्म डाउनलोड करना होगा। इसमें कर्मचारी की निजी जानकारी, पता और काम के अनुभव जैसी डिटेल्स भरनी होती हैं। फॉर्म के साथ कर्मचारी की फोटो और Aadhaar कार्ड की कॉपी अपलोड करनी पड़ती है। यह पूरी प्रक्रिया 7 से 30 दिनों के बीच पूरी होती है, जिसमें पुलिस उनके पुराने रिकॉर्ड और उनके गांव या शहर में जाकर जांच करती है।
वेरिफिकेशन के आंकड़े और पुलिस की सख्ती
पुलिस द्वारा जारी डेटा के मुताबिक, साल 2025 में कुल 20,004 वेरिफिकेशन फॉर्म प्रोसेस हुए थे। वहीं 2026 की पहली तिमाही (31 मार्च तक) में ही 9,635 फॉर्म जमा हो चुके हैं। इससे पता चलता है कि अब लोग पहले के मुकाबले ज्यादा जागरूक हुए हैं।
| विवरण |
साल 2025 |
साल 2026 (पहली तिमाही) |
| औसत मासिक आवेदन |
लगभग 1,667 |
3,211 से ज्यादा |
| नियमों का उल्लंघन दर |
31.7% |
13.7% |
क्यों जरूरी है यह कदम और क्या हैं चुनौतियां
Special Commissioner Devesh Chandra Srivastava और DCP Hemant Tiwari के मुताबिक, यह प्रक्रिया अपराधों को रोकने के लिए एक ढाल की तरह काम करती है। हाल ही में एक नौकर द्वारा नौकरानी के साथ यौन हमला और हत्या तथा एक परिवार को बंधक बनाकर लूटपाट जैसी घटनाएं सामने आई थीं, जिसके बाद यह सख्ती बढ़ी है। हालांकि, कुछ लोग अभी भी इसे मुश्किल मानते हैं और केवल RWA के गेट पास या जान-पहचान पर भरोसा करते हैं, जो कि जोखिम भरा हो सकता है। पुलिस ने साफ किया है कि जो लोग वेरिफिकेशन नहीं कराएंगे, उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।