Delhi: दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच की साइबर लैब ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। इस लैब को ISO 9001:2015 सर्टिफिकेशन मिला है, जो डिजिटल फॉरेंसिक और साइबर जांच के क्षेत्र में इसकी क्वालिटी को पुख्ता करता है। यह प्रमाण पत
Delhi: दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच की साइबर लैब ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। इस लैब को ISO 9001:2015 सर्टिफिकेशन मिला है, जो डिजिटल फॉरेंसिक और साइबर जांच के क्षेत्र में इसकी क्वालिटी को पुख्ता करता है। यह प्रमाण पत्र ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड्स (BIS) द्वारा दिया गया है, जिससे अब शहर में साइबर अपराधों की जांच और भी वैज्ञानिक तरीके से होगी।
साइबर लैब में अब क्या-क्या होगा खास
इस सर्टिफिकेशन के बाद दिल्ली पुलिस की साइबर लैब अब और भी आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल करेगी। यहाँ मोबाइल फोन की जांच, कंप्यूटर और हार्ड डिस्क से डेटा निकालना और क्लाउड से जुड़े सबूतों की बारीकी से जांच की जाएगी। साथ ही, क्रिप्टोकरेंसी से जुड़े फ्रॉड को ट्रैक करना और खतरनाक मैलवेयर का विश्लेषण करना अब पहले से ज्यादा आसान और सटीक होगा।
किन अधिकारियों की रही मुख्य भूमिका
इस कामयाबी के पीछे डीसीपी क्राइम आदित्य गौतम, एसीपी मुकेश राठी और इंस्पेक्टर राजीव श्रीवास्तव जैसे अधिकारियों की कड़ी मेहनत रही। लैब में डिजिटल सबूतों को सुरक्षित रखने और उन्हें मैनेज करने के लिए एक मजबूत सिस्टम बनाया गया है। यह पूरी प्रक्रिया अंतरराष्ट्रीय फॉरेंसिक मानकों के हिसाब से तैयार की गई है ताकि कोर्ट में पेश किए जाने वाले सबूत पूरी तरह मान्य हों।
दिल्ली पुलिस की अन्य उपलब्धियां
क्राइम ब्रांच की यह पहली ऐसी सफलता नहीं है। इससे पहले जनवरी 2025 में एंटी-ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (AHTU) और मार्च 2026 में स्टेट क्राइम रिकॉर्ड्स ब्यूरो (SCRB) को भी ISO 9001:2015 सर्टिफिकेशन मिल चुका है। इन सभी कदमों से दिल्ली पुलिस की जांच प्रक्रिया में पारदर्शिता और सुधार आया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
ISO 9001:2015 सर्टिफिकेशन से आम जनता को क्या फायदा होगा?
इससे साइबर अपराधों की जांच ज्यादा वैज्ञानिक और सटीक होगी। डिजिटल सबूतों का मैनेजमेंट बेहतर होने से अपराधियों को पकड़ने और केस सुलझाने में तेजी आएगी।
साइबर लैब किन-किन चीजों की जांच कर सकती है?
यह लैब मोबाइल फोन, कंप्यूटर, हार्ड डिस्क, क्लाउड डेटा, क्रिप्टोकरेंसी ट्रांजेक्शन और कंप्यूटर वायरस (मैलवेयर) जैसे तकनीकी सबूतों की जांच करती है।