Delhi: दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने एक बहुत बड़े अंतरराष्ट्रीय हथियार तस्करी गिरोह को पकड़ा है। यह गिरोह पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI के संपर्क में था और भारत के कई राज्यों में अवैध हथियार सप्लाई कर रहा था। पुलिस ने इ
Delhi: दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने एक बहुत बड़े अंतरराष्ट्रीय हथियार तस्करी गिरोह को पकड़ा है। यह गिरोह पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI के संपर्क में था और भारत के कई राज्यों में अवैध हथियार सप्लाई कर रहा था। पुलिस ने इस मामले में अब तक 9 लोगों को गिरफ्तार किया है, जो पंजाब और नेपाल बॉर्डर के जरिए हथियारों की तस्करी करते थे।
कैसे काम करता था यह तस्करी नेटवर्क
अतिरिक्त पुलिस कमिश्नर प्रमोद कुशवाहा ने बताया कि इस गिरोह के तार सीधे पाकिस्तान के हथियारों के सप्लायरों और ISI हैंडलर्स से जुड़े थे। हथियारों को पंजाब बॉर्डर से ड्रोन के जरिए और नेपाल बॉर्डर से सड़क मार्ग के जरिए भारत लाया जाता था। ये हथियार दिल्ली-NCR, पंजाब और उत्तर भारत के अन्य राज्यों के गैंगस्टरों और अपराधियों को दिए जाने थे।
कौन-कौन हुए गिरफ्तार और कौन हैं मास्टरमाइंड
पुलिस ने मौजपुर से फरदीन, आजमगढ़ से विशाल सिंघानिया और जौनपुर से अहमद समेत 9 तस्करों को पकड़ा है। इस पूरे मॉड्यूल को बांग्लादेश में बैठा शाहबाज अंसारी चला रहा था, जिसका नाम पंजाबी सिंगर सिद्धू मूसेवाला मर्डर केस से भी जुड़ा रहा है। शाहबाज का चाचा रेहान अंसारी दुबई से इस काम में मदद कर रहा था, जबकि उसका चचेरा भाई राहिल अंसारी भारत में हथियारों की डिलीवरी संभालता था।
कितने हथियार और कारतूस बरामद हुए
पुलिस ने छापेमारी के दौरान भारी मात्रा में हथियार जब्त किए हैं, जिनका विवरण नीचे दिया गया है:
| बरामद सामान |
विवरण |
| विदेशी पिस्तौल |
Zigana और Glock जैसे हाई-एंड हथियार (कुल 23) |
| कारतूस |
92 राउंड कारतूस |
| देसी हथियार |
बिहार के मुंगेर में बने कट्टे |
Frequently Asked Questions (FAQs)
हथियार भारत के अंदर कैसे लाए जा रहे थे?
तस्कर पंजाब बॉर्डर के रास्ते ड्रोन का इस्तेमाल कर रहे थे और नेपाल बॉर्डर के रास्ते सड़क मार्ग से हथियारों की तस्करी कर रहे थे।
इस गिरोह का मुख्य मास्टरमाइंड कौन है?
इस गिरोह का संचालन बांग्लादेश में बैठा शाहबाज अंसारी कर रहा था, जिसे दुबई से उसके चाचा रेहान अंसारी सपोर्ट कर रहे थे।