Delhi-NCR: दिल्ली और आसपास के इलाकों में 21 से 23 मई 2026 तक ट्रांसपोर्टरों ने महा-चक्का जाम का ऐलान किया है। इस हड़ताल की वजह से करीब 48,000 मालवाहक वाहनों के पहिए थम गए हैं, जिससे आम जनता की डेली लाइफ और कारोबार पर बड़
Delhi-NCR: दिल्ली और आसपास के इलाकों में 21 से 23 मई 2026 तक ट्रांसपोर्टरों ने महा-चक्का जाम का ऐलान किया है। इस हड़ताल की वजह से करीब 48,000 मालवाहक वाहनों के पहिए थम गए हैं, जिससे आम जनता की डेली लाइफ और कारोबार पर बड़ा असर पड़ने वाला है। All India Motor Transport Congress (AIMTC) और Chalak Shakti Union के नेतृत्व में 68 से ज्यादा यूनियन इस विरोध प्रदर्शन में शामिल हैं।
ट्रांसपोर्ट यूनियन की मुख्य मांगें क्या हैं?
यूनियन का कहना है कि बढ़ते खर्चों की वजह से ड्राइवर दाने-दाने को मोहताज हो रहे हैं। उनकी प्रमुख मांगों में टैक्सी और ऑटो के किराए में तुरंत बदलाव करना और कमर्शियल वाहनों पर बढ़े हुए Environment Compensation Cess (ECC) को वापस लेना शामिल है। इसके अलावा, 1 नवंबर 2026 से BS-4 और पुराने वाहनों पर लगने वाले बैन पर दोबारा विचार करने और Ola, Uber, Rapido जैसे ऐप-आधारित कैब एग्रीगेटर्स के मनमाने किराए पर लगाम लगाने की मांग की गई है।
आम जनता और बिजनेस पर क्या होगा असर?
इस चक्का जाम से थोक मंडियों में सामान की सप्लाई रुक सकती है, जिससे दूध, फल, सब्जी और दवाइयों की किल्लत होने की आशंका है। दिल्ली के नए रेलवे स्टेशन पर टैक्सी और ऑटो की कमी से यात्रियों को परेशानी हो रही है। हालांकि, दिल्ली मेट्रो और DTC बसें सामान्य रूप से चलेंगी। दिल्ली सरकार का फूड सप्लाई विभाग अलर्ट पर है और छोटे वाहनों के जरिए जरूरी सामान पहुँचाने की कोशिश कर रहा है।
ट्रैफिक और विरोध प्रदर्शन का शेड्यूल क्या है?
यह हड़ताल गुरुवार, 21 मई से शनिवार, 23 मई तक चलेगी। दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने 22 मई को राजघाट पर एक सरकारी कार्यक्रम होने के कारण ट्रैफिक जाम की चेतावनी दी है। ट्रांसपोर्ट यूनियन ने चेतावनी दी है कि अगर एक-दो हफ्ते में उनकी मांगें नहीं मानी गईं, तो वे इस आंदोलन को और तेज करेंगे। 23 मई को दिल्ली सचिवालय के बाहर एक बड़ा विरोध प्रदर्शन भी आयोजित किया जाएगा।
Frequently Asked Questions (FAQs)
यह ट्रांसपोर्ट हड़ताल कब से कब तक है?
यह महा-चक्का जाम 21 मई से 23 मई 2026 तक चलेगा, जिसमें दिल्ली-NCR की 68 से ज्यादा ट्रांसपोर्ट यूनियन शामिल हैं।
क्या बस और मेट्रो सेवाएं बंद रहेंगी?
नहीं, रिपोर्ट के अनुसार दिल्ली मेट्रो और DTC बसों की सेवाएं सामान्य रूप से चालू रहने की उम्मीद है।
हड़ताल का असर किन चीजों की सप्लाई पर पड़ेगा?
मालवाहक वाहनों के बंद होने से थोक मंडियों में दूध, फल, सब्जियों और केमिस्ट शॉप्स में दवाइयों की कमी हो सकती है।