Delhi: दिल्ली और NCR के लोगों को ट्रैफिक जाम और प्रदूषण से निजात दिलाने के लिए सरकार ने एक बड़ा प्लान बनाया है। केंद्रीय मंत्री Nitin Gadkari ने ₹34,500 करोड़ के निवेश की घोषणा की है, जिससे नए एक्सप्रेसवे, रिंग रोड और सु
Delhi: दिल्ली और NCR के लोगों को ट्रैफिक जाम और प्रदूषण से निजात दिलाने के लिए सरकार ने एक बड़ा प्लान बनाया है। केंद्रीय मंत्री Nitin Gadkari ने ₹34,500 करोड़ के निवेश की घोषणा की है, जिससे नए एक्सप्रेसवे, रिंग रोड और सुरंगें बनाई जाएंगी। इस पूरे मास्टर प्लान का मकसद ईंधन की खपत कम करना और सफर को आसान बनाना है ताकि लोगों का समय बचे और शहर की हवा साफ हो सके।
इन बड़ी परियोजनाओं से मिलेगी राहत
सरकार ने दिल्ली-एनसीआर के लिए कुल ₹1.6 लाख करोड़ के बुनियादी ढांचा प्रोजेक्ट्स की रूपरेखा तैयार की है। इसमें ₹1 लाख करोड़ के काम पहले से चल रहे हैं और ₹25,000 करोड़ की नई योजनाएं प्रस्तावित हैं। नितिन गडकरी ने साफ किया कि अब फ्लाईओवर के बजाय अंडरग्राउंड सड़कों और सुरंगों के नेटवर्क पर ज्यादा ध्यान दिया जाएगा। अक्टूबर 2026 से अप्रैल 2027 के बीच छह प्रमुख प्रोजेक्ट्स पर काम शुरू होगा।
कौन से नए हाईवे और सुरंग बनेंगी
| प्रोजेक्ट का नाम |
अनुमानित लागत |
विवरण |
| शिव मूर्ति से नेल्सन मंडेला मार्ग |
₹7,000 करोड़ |
20-40 मीटर गहरी ट्विन-ट्यूब सुरंग |
| नोएडा-फरीदाबाद कॉरिडोर |
₹7,500 करोड़ |
UER-II का विस्तार, 6-लेन हाईवे |
| एम्स से महिपालपुर-गुरुग्राम |
₹5,000 करोड़ |
एलिवेटेड कॉरिडोर |
| दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे एक्सटेंशन |
₹3,500 करोड़ |
UER-II से कनेक्टिविटी |
| UER-II सर्विस रोड |
₹6,500 करोड़ |
सर्विस रोड का निर्माण |
| हरियाणा बॉर्डर से पंजाबी बाग |
₹1,500 करोड़ |
6-लेन सड़क |
कचरे से बनेंगी सड़कें और हवाई अड्डे तक पहुंच होगी आसान
दिल्ली की मुख्यमंत्री Rekha Gupta ने बताया कि ओखला और गाजीपुर के लैंडफिल साइट्स से निकलने वाले प्रोसेस्ड कचरे का इस्तेमाल सड़क बनाने में किया जाएगा। इससे निर्माण लागत कम होगी और कचरे की समस्या भी घटेगी। वहीं, ₹4,463 करोड़ की लागत से बन रहा DND-फरीदाबाद-सोहना कॉरिडोर नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक सीधी पहुंच आसान कर देगा। इसमें एक आधुनिक स्टील आर्च ब्रिज भी बनाया जा रहा है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
दिल्ली-एनसीआर में नए प्रोजेक्ट्स का काम कब शुरू होगा?
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के अनुसार, छह प्रमुख सड़क अवसंरचना परियोजनाओं पर काम अक्टूबर 2026 से अप्रैल 2027 के बीच शुरू किया जाएगा।
जाम कम करने के लिए सरकार की क्या नई रणनीति है?
सरकार अब फ्लाईओवर बनाने के बजाय अंडरग्राउंड सड़कों और सुरंगों के नेटवर्क पर अधिक जोर दे रही है, ताकि ऊपर की सड़कों पर ट्रैफिक का दबाव कम हो सके।