Delhi की महिलाओं को तोहफा, रक्षा बंधन पर आएगी लक्ष्मी योजना की पहली किस्त, कांवड़ शिविरों के लिए भी बजट बढ़ा

Delhi: मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में दिल्ली की महिलाओं और कांवड़ यात्रा के लिए बड़े फैसले लिए गए। सरकार ने बहुप्रतीक्षित ‘दिल्ली लक्ष्मी योजना’ को मंजूरी दे दी है, ज

Delhi: मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में दिल्ली की महिलाओं और कांवड़ यात्रा के लिए बड़े फैसले लिए गए। सरकार ने बहुप्रतीक्षित ‘दिल्ली लक्ष्मी योजना’ को मंजूरी दे दी है, जिसके तहत पात्र महिलाओं को हर महीने आर्थिक मदद मिलेगी। इसके साथ ही कांवड़ शिविरों को मिलने वाली सहायता राशि में भी इजाफा किया गया है।

दिल्ली लक्ष्मी योजना के तहत 21 से 60 साल की उन महिलाओं को हर महीने 2,500 रुपये दिए जाएंगे, जिनकी सालाना पारिवारिक आय 2.5 लाख रुपये तक है। इस योजना के लिए आवेदन पोर्टल 1 अगस्त 2026 को शुरू होगा और पहली किस्त रक्षा बंधन (28 अगस्त 2026) के मौके पर जारी की जाएगी। सरकार ने इसके लिए बजट में 5,110 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है, जिससे करीब 17 लाख महिलाएं लाभान्वित होंगी।

इस योजना के लिए कुछ नियम तय किए गए हैं। आवेदन करने वाली महिला कम से कम 10 साल से दिल्ली की निवासी होनी चाहिए। जिन महिलाओं के तीन से ज्यादा बच्चे हैं, जो इनकम टैक्स भरते हैं या जिनका बिजली बिल बहुत ज्यादा आता है, वे इस योजना के पात्र नहीं होंगे। यह पैसा सीधे कैश में नहीं मिलेगा। लाभार्थी या तो पूरी राशि RD/FD में निवेश करवा सकते हैं या फिर 1,500 रुपये RD/FD में और 1,000 रुपये CBDC डिजिटल रुपया वॉलेट में ले सकते हैं, जिसका इस्तेमाल सरकारी मान्यता प्राप्त सामान और सेवाओं के लिए होगा।

दूसरी ओर, कांवड़ यात्रा 2026 को बेहतर बनाने के लिए शिविरों की आर्थिक मदद बढ़ाई गई है। अब सहायता राशि का वितरण सीधे जिला मजिस्ट्रेट (DM) ऑफिस से होगा ताकि देरी न हो। शिविरों को 1,200 यूनिट तक मुफ्त बिजली भी मिलती रहेगी।

शिविर का आकार (sq ft) अवधि (3-5 दिन) अवधि (6-12 दिन)
20,000 से ज्यादा 9 लाख रुपये 15 लाख रुपये
15,001 से 20,000 8 लाख रुपये 9 लाख रुपये
10,001 से 15,000 6 लाख रुपये 8 लाख रुपये
5,001 से 10,000 3 लाख रुपये 5 लाख रुपये
5,000 तक 2 लाख रुपये 3 लाख रुपये

यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए MCD, स्वास्थ्य विभाग, दिल्ली जल बोर्ड और दिल्ली पुलिस जैसे विभाग मिलकर काम करेंगे। सफाई, मेडिकल सेवा, पानी और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाएंगे।