Delhi: दिल्ली पुलिस ने करोल बाग फायरिंग मामले में बड़ी कामयाबी हासिल की है। स्पेशल स्टाफ की टीम ने एक मुठभेड़ के बाद दो वॉन्टेड शूटरों को गिरफ्तार कर लिया है। यह पूरी कार्रवाई पुलिस के ‘ऑपरेशन गैंग बस्ट’ के त
Delhi: दिल्ली पुलिस ने करोल बाग फायरिंग मामले में बड़ी कामयाबी हासिल की है। स्पेशल स्टाफ की टीम ने एक मुठभेड़ के बाद दो वॉन्टेड शूटरों को गिरफ्तार कर लिया है। यह पूरी कार्रवाई पुलिस के ‘ऑपरेशन गैंग बस्ट’ के तहत की गई, जिसका मकसद शहर के गैंगस्टरों और अपराधियों को पकड़ना है।
मुठभेड़ में कैसे पकड़े गए आरोपी
पुलिस को खबर मिली थी कि आरोपी किसी प्रतिद्वंद्वी गैंग के शूटर को मारने की योजना बना रहे थे। 9-10 मई की रात सिविक सेंटर और कमला मार्केट इलाके में पुलिस और बदमाशों के बीच क्रॉस-फायरिंग हुई। इस दौरान दोनों बदमाशों के पैरों में गोली लगी, जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार कर LNJP अस्पताल में भर्ती कराया गया। मुठभेड़ में इंस्पेक्टर Rohit Kumar की बुलेटप्रूफ जैकेट पर भी एक गोली लगी थी।
कौन हैं गिरफ्तार शूटर और क्या है मामला
गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान दीपांशु उर्फ साहिल उर्फ बाउंसर (28) और अविनाश (24) के रूप में हुई है, जो करोल बाग के ही रहने वाले हैं। साहिल पहले से ही पुलिस रिकॉर्ड में ‘बैड कैरेक्टर’ (BC) घोषित था। इन दोनों पर 23-24 अप्रैल को फैज रोड, करोल बाग में रोहित नाम के व्यक्ति पर गोली चलाने का आरोप है। यह विवाद रोहित उर्फ मोटा गैंग से जुड़ा बताया जा रहा है।
पुलिस ने आरोपियों से क्या बरामद किया
पुलिस ने आरोपियों के पास से हथियारों और वारदात में इस्तेमाल की गई गाड़ी को जब्त किया है। बरामद सामान की लिस्ट नीचे दी गई है:
- एक पिस्तौल और एक मैगजीन
- एक देसी कट्टा
- 3 जिंदा कारतूस और 10 खाली खोखे
- वारदात में इस्तेमाल की गई एक चोरी की स्कूटी
Frequently Asked Questions (FAQs)
करोल बाग फायरिंग मामले में किन लोगों को गिरफ्तार किया गया है?
पुलिस ने दीपांशु उर्फ साहिल उर्फ बाउंसर (28) और अविनाश (24) को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपी करोल बाग के निवासी हैं और उनका पुराना आपराधिक रिकॉर्ड रहा है।
ऑपरेशन गैंग बस्ट क्या है?
ऑपरेशन गैंग बस्ट दिल्ली पुलिस की एक मुहिम है, जिसके तहत मध्य और उत्तरी जिलों में सक्रिय गैंगस्टरों और आदतन अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा रही है।