Delhi: Jantar Mantar प्रदर्शन के बाद केस होंगे वापस, लेकिन पुलिस की रडार पर 2500 चेहरे
Delhi: नीट पेपर लीक को लेकर Jantar Mantar पर चल रहा 36 दिनों का प्रदर्शन अब खत्म हो गया है। केंद्र सरकार और प्रदर्शनकारियों के बीच हुए समझौते के बाद Cockroach Janta Party (CJP) ने अपना विरोध वापस ले लिया है। सरकार ने छात
Delhi: नीट पेपर लीक को लेकर Jantar Mantar पर चल रहा 36 दिनों का प्रदर्शन अब खत्म हो गया है। केंद्र सरकार और प्रदर्शनकारियों के बीच हुए समझौते के बाद Cockroach Janta Party (CJP) ने अपना विरोध वापस ले लिया है। सरकार ने छात्रों पर दर्ज मामलों को वापस लेने और आत्महत्या करने वाले छात्रों के परिवारों को मुआवजा देने का भरोसा दिया है।
केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह और जेपी नड्डा ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि सरकार प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांगों को मान चुकी है। इन मांगों पर लिखित आश्वासन मंगलवार तक मिलने की उम्मीद है। इस बीच, शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है, जो प्रदर्शनकारियों की एक प्रमुख मांग थी। रविवार तक Jantar Mantar से सभी टेंट हटा लिए गए और वहां शांति बहाल हो गई है।
दूसरी तरफ, दिल्ली पुलिस ने साफ किया है कि केस वापस लेने का मतलब यह नहीं है कि हिंसा की जांच रुक जाएगी। पुलिस उन लोगों की तलाश कर रही है जिन्होंने इस विरोध प्रदर्शन के दौरान साजिश रची और हिंसा भड़काई। पुलिस CCTV फुटेज, मोबाइल रिकॉर्ड और डिजिटल सबूतों के जरिए मामले की गहराई से जांच कर रही है।
दिल्ली पुलिस ने Facial Recognition System (FRS) के जरिए 2,500 से ज्यादा ऐसे लोगों की पहचान की है जिनका पुराना आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। इसके अलावा, पेपर लीक जैसे अपराधों की जांच के लिए क्राइम ब्रांच के अंदर एक Special Task Force (STF) का गठन किया गया है। इस STF की कमान एक DCP रैंक के अधिकारी संभालेंगे।
पुलिस सोशल मीडिया पर फैल रही गलत खबरों और डीपफेक वीडियो पर भी नजर रख रही है। अब तक 400 से ज्यादा ऐसे अकाउंट्स को ब्लॉक किया गया है, जिनमें से कुछ पाकिस्तान से संचालित होने का शक है। पुलिस ने उस अफवाह को भी खारिज कर दिया जिसमें एक महिला प्रदर्शनकारी की मौत की बात कही गई थी; वह महिला RML अस्पताल में भर्ती है और उसकी हालत स्थिर है।