Delhi में ‘संसद चलो’ मार्च के दौरान इंटरनेट बंद, पुलिस ने किया लाठीचार्ज; जंतर मंतर पर फिर जुटे प्रदर्शनकारी
Delhi: राजधानी दिल्ली में संसद के मानसून सत्र के पहले दिन भारी हंगामा देखने को मिला. ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) के ‘संसद चलो’ मार्च के कारण मध्य दिल्ली के कई इलाकों में मोबाइल इंटरनेट सेवाएं बंद क
Delhi: राजधानी दिल्ली में संसद के मानसून सत्र के पहले दिन भारी हंगामा देखने को मिला. ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) के ‘संसद चलो’ मार्च के कारण मध्य दिल्ली के कई इलाकों में मोबाइल इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गईं. इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प हुई, जिसमें पुलिस ने लाठीचार्ज और आंसू गैस का इस्तेमाल किया.
इंटरनेट सेवाओं को 20 जुलाई 2026 को सुबह 10 बजे से बंद किया गया था, जिसे शाम 6 बजे के बाद फिर से शुरू किया गया. Airtel, Reliance Jio और Vodafone Idea जैसी कंपनियों ने सरकारी आदेश के बाद इंटरनेट बंद करने की बात कही, लेकिन सरकार की तरफ से कोई भी आधिकारिक लिखित आदेश सार्वजनिक नहीं किया गया. इंटरनेट फ्रीडम फाउंडेशन (IFF) ने इस कदम की आलोचना करते हुए इसे सुप्रीम कोर्ट के नियमों का उल्लंघन बताया है.
यह विरोध प्रदर्शन मई 2026 में अभिजीत दिपके द्वारा शुरू किए गए CJP आंदोलन का हिस्सा है. यह आंदोलन मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की उन टिप्पणियों के बाद शुरू हुआ था जिनमें उन्होंने बेरोजगार युवाओं को ‘कॉकरोच’ कहा था. प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांगों में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा शामिल है, जो परीक्षा अनियमितताओं और पेपर लीक के आरोपों से जुड़ा है. पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने भी इस आंदोलन का समर्थन किया और भूख हड़ताल की, जिसके बाद उन्हें जबरन अस्पताल में भर्ती कराया गया.
ताजा अपडेट के मुताबिक, 21 जुलाई को पुलिस द्वारा विरोध स्थल हटाए जाने के बाद भी प्रदर्शनकारी जंतर मंतर पर दोबारा इकट्ठा हो गए हैं. CJP प्रवक्ता सौरव दास ने सोशल मीडिया पर कई लोगों के हिरासत में लिए जाने की जानकारी दी है. वहीं, CJP के प्रतिनिधियों ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा से मुलाकात भी की है. पार्टी नेताओं का कहना है कि जब तक सरकार उनकी मांगों पर कोई ठोस वादा नहीं करती, उनका धरना जारी रहेगा.