Delhi: दिल्ली हाई कोर्ट ने एक सख्त आदेश जारी करते हुए दिल्ली पुलिस को सोशल मीडिया से उन वीडियो को हटाने के निर्देश दिए हैं, जिनमें पूर्व मुख्यमंत्री Arvind Kejriwal कोर्ट में बहस करते दिख रहे हैं। यह मामला दिल्ली एक्साइज
Delhi: दिल्ली हाई कोर्ट ने एक सख्त आदेश जारी करते हुए दिल्ली पुलिस को सोशल मीडिया से उन वीडियो को हटाने के निर्देश दिए हैं, जिनमें पूर्व मुख्यमंत्री Arvind Kejriwal कोर्ट में बहस करते दिख रहे हैं। यह मामला दिल्ली एक्साइज पॉलिसी से जुड़ा है। कोर्ट ने साफ किया है कि अदालत की कार्यवाही को बिना इजाजत रिकॉर्ड करना और उसे सार्वजनिक करना गलत है।
वीडियो हटाने का आदेश क्यों आया
यह पूरा मामला 13 अप्रैल 2026 को हुई सुनवाई से जुड़ा है। उस दिन Arvind Kejriwal ने जस्टिस Swarana Kanta Sharma से केस से हटने की मांग की थी। इस दौरान की रिकॉर्डिंग सोशल मीडिया पर वायरल हो गई। एडवोकेट Vaibhav Singh ने इसकी शिकायत की थी कि इन वीडियो को जानबूझकर फैलाया गया ताकि लोगों की सोच को प्रभावित किया जा सके और न्यायपालिका की छवि खराब हो।
कोर्ट के नियम और होने वाली कार्रवाई
दिल्ली हाई कोर्ट ने बताया कि वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग नियमों 2021 और इलेक्ट्रॉनिक एविडेंस रूल्स 2025 के तहत कोर्ट की कार्यवाही की अनधिकृत रिकॉर्डिंग पूरी तरह प्रतिबंधित है। रजिस्ट्री अधिकारियों ने पुष्टि की है कि जिन्होंने भी इन वीडियो को रिकॉर्ड किया और अपलोड किया, उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू की जा रही है।
- दिनांक: 15 अप्रैल 2026 को वीडियो हटाने का आदेश जारी हुआ।
- मुख्य निर्देश: दिल्ली पुलिस को सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से वीडियो हटाने को कहा गया।
- नियम: बिना अनुमति कोर्ट की रिकॉर्डिंग करना कानूनन अपराध है।
- शिकायतकर्ता: एडवोकेट Vaibhav Singh ने इस मामले में शिकायत दर्ज कराई थी।