Delhi: राजधानी दिल्ली में गर्मी ने लोगों का हाल बेहाल कर दिया है. नंद नगरी इलाके में की गई एक ग्राउंड रिपोर्ट में डराने वाली बात सामने आई है, जहां थर्मल कैमरे से सड़कों और गाड़ियों की सतह का तापमान 65 डिग्री सेल्सियस से
Delhi: राजधानी दिल्ली में गर्मी ने लोगों का हाल बेहाल कर दिया है. नंद नगरी इलाके में की गई एक ग्राउंड रिपोर्ट में डराने वाली बात सामने आई है, जहां थर्मल कैमरे से सड़कों और गाड़ियों की सतह का तापमान 65 डिग्री सेल्सियस से ज्यादा पाया गया. वहीं धूप में हवा का तापमान 48 डिग्री तक पहुंच गया, जबकि मौसम ऐप में यह सिर्फ 42 डिग्री के आसपास दिख रहा था.
सड़कों पर इतना तापमान क्यों है और ऐप में कम क्यों दिखता है
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक IMD और AccuWeather जैसी सेवाएं हवा के तापमान को बताती हैं. लेकिन जब सीधी धूप गहरे रंग की सड़कों या गाड़ियों पर पड़ती है, तो वे गर्मी को सोख लेती हैं, जिससे सतह का तापमान बहुत बढ़ जाता है. यही वजह है कि थर्मल कैमरे से नापने पर तापमान 65 डिग्री तक पहुंच गया, जबकि हवा का तापमान कम था.
दिल्ली सरकार का हीट वेव एक्शन प्लान क्या है
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने अधिकारियों को हीट वेव एक्शन प्लान 2026 सख्ती से लागू करने को कहा है. सरकार का लक्ष्य 2030 तक लू से होने वाली मौतों को शून्य करना है. इसके लिए कई कदम उठाए गए हैं:
- 30 से ज्यादा बड़े अस्पतालों में विशेष कूल रूम बनाए गए हैं.
- 330 एम्बुलेंस को अलर्ट मोड पर रखा गया है.
- स्कूलों में बच्चों के लिए वॉटर बेल की सुविधा शुरू की गई है.
- सार्वजनिक जगहों पर वॉटर एटीएम और कूलिंग पॉइंट लगाए जा रहे हैं.
- मजदूरों के काम करने के समय में बदलाव किया गया है.
IMD की चेतावनी और मौजूदा हालात
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 19 मई से अगले छह दिनों के लिए दिल्ली में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है. 19 मई को दिल्ली का अधिकतम तापमान 45.1°C और रिज क्षेत्र में 46.5°C तक दर्ज किया गया था. इसके अलावा दिल्ली की हवा भी खराब हुई है, AQI 208 तक पहुंच गया है, जिसके कारण CAQM ने GRAP के पहले चरण की पाबंदियां लागू कर दी हैं.
Frequently Asked Questions (FAQs)
दिल्ली में लू की आधिकारिक घोषणा कब की जाती है
IMD के नियमों के अनुसार लू तब घोषित होती है जब तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ज्यादा हो और सामान्य से 4.5 डिग्री का अंतर हो, या फिर तापमान 45 डिग्री की सीमा को पार कर जाए.
रात के समय ज्यादा तापमान क्यों खतरनाक होता है
विशेषज्ञों का कहना है कि रात में तापमान अधिक रहने से मानव शरीर को जरूरी आराम नहीं मिल पाता, जो स्वास्थ्य के लिए ज्यादा जोखिम भरा होता है.