Delhi: दिल्ली सरकार अब शहर के कोचिंग सेंटर्स में होने वाली मनमानी को रोकने के लिए सख्त कदम उठाने जा रही है। स्टूडेंट्स की सुरक्षा और सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए एक नया कानून और गाइडलाइंस तैयार की जा रही हैं। शिक्षा मं
Delhi: दिल्ली सरकार अब शहर के कोचिंग सेंटर्स में होने वाली मनमानी को रोकने के लिए सख्त कदम उठाने जा रही है। स्टूडेंट्स की सुरक्षा और सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए एक नया कानून और गाइडलाइंस तैयार की जा रही हैं। शिक्षा मंत्री Ashish Sood ने इस संबंध में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक हाई-लेवल मीटिंग की है ताकि जल्द से जल्द नया रेगुलेटरी फ्रेमवर्क लागू किया जा सके।
नए नियमों में क्या-क्या बदलाव होंगे
सरकार इस नए कानून के जरिए कोचिंग सेंटर्स में कई सुधार लाएगी। इसमें सबसे ज्यादा ध्यान फीस की पारदर्शिता पर होगा ताकि सेंटर्स अपनी मर्जी से फीस न बढ़ा सकें। साथ ही, बिल्डिंग की मजबूती, फायर सेफ्टी और बेसमेंट के इस्तेमाल को लेकर कड़े नियम बनाए जाएंगे। स्टूडेंट्स के मानसिक तनाव को कम करने के लिए काउंसलिंग और मेंटल हेल्थ सपोर्ट की सुविधा देना भी अनिवार्य होगा।
सुरक्षा और निगरानी के लिए क्या होगा सिस्टम
कोचिंग सेंटर्स के लिए अब रजिस्ट्रेशन कराना जरूरी होगा और समय-समय पर उनके निरीक्षण (Inspection) किए जाएंगे। शिकायतों के निपटारे के लिए एक नया सिस्टम बनाया जाएगा जिससे स्टूडेंट्स और स्टाफ अपनी बात रख सकेंगे। इस पूरे काम के लिए Director of Higher Education को नोडल ऑफिसर बनाया गया है। MCD, दिल्ली पुलिस और फायर सर्विस जैसी एजेंसियां मिलकर इस पर नजर रखेंगी ताकि किसी भी तरह की लापरवाही न हो।
यह कदम क्यों उठाया गया
यह फैसला साल 2024 में Old Rajendra Nagar के एक कोचिंग सेंटर में हुई दुखद घटना के बाद लिया गया है, जहां बुनियादी सुविधाओं की कमी और जलभराव की वजह से छात्रों की जान गई थी। दिल्ली हाई कोर्ट द्वारा गठित Justice R.K. Gauba कमेटी की सिफारिशों के आधार पर यह नई पॉलिसी तैयार की जा रही है। सरकार का लक्ष्य है कि अगले तीन महीनों के भीतर इस पूरी पॉलिसी को फाइनल कर लिया जाए।
Frequently Asked Questions (FAQs)
कोचिंग सेंटर्स के लिए नए नियम कब तक लागू होंगे?
दिल्ली सरकार की एक मल्टीडिसिप्लिनरी कमेटी इस पॉलिसी पर काम कर रही है और उम्मीद है कि अगले तीन महीनों के भीतर इसे फाइनल कर लिया जाएगा।
नए कानून में स्टूडेंट्स के लिए क्या खास सुविधाएं होंगी?
नए नियमों में फीस में पारदर्शिता, बिल्डिंग और फायर सेफ्टी के कड़े मानक, और छात्रों के लिए मेंटल हेल्थ काउंसलिंग जैसी सुविधाएं शामिल होंगी।