Delhi में मानसून से पहले ‘Government on Wheels’ अभियान, मंत्री परवेश वर्मा ने जांची सड़कें और नालियां

Delhi: दिल्ली के लोगों को मानसून के दौरान जलभराव और खराब सड़कों की समस्या से बचाने के लिए सरकार ने ‘Government on Wheels’ अभियान शुरू किया है। PWD और जल मंत्री Parvesh Verma ने शनिवार, 18 जुलाई 2026 को पूर्वी

Delhi: दिल्ली के लोगों को मानसून के दौरान जलभराव और खराब सड़कों की समस्या से बचाने के लिए सरकार ने ‘Government on Wheels’ अभियान शुरू किया है। PWD और जल मंत्री Parvesh Verma ने शनिवार, 18 जुलाई 2026 को पूर्वी दिल्ली की 6-7 विधानसभा क्षेत्रों का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने सड़कों की हालत, नालियों की सफाई और जलभराव वाले इलाकों का मौके पर जाकर जायजा लिया।

इस पहल के तहत मंत्री, विधायक और अधिकारी एक साथ बस में बैठकर पूरे इलाके का निरीक्षण करते हैं। मंत्री Parvesh Verma ने बताया कि करीब चार घंटे के इस दौरे में सड़कों के खराब हिस्सों की पहचान की गई और यह तय किया गया कि पैदल चलने वालों की सुरक्षा के लिए Foot Over Bridges (FOBs) कहां बनाए जाएं। उन्होंने कहा कि इंजीनियर हर छोटी समस्या को अपनी डायरी में नोट कर रहे हैं ताकि तय समय सीमा के भीतर काम पूरा हो सके।

दौरे के दौरान Laxmi Nagar में एक आधुनिक स्काईवॉक बनाने की योजना की घोषणा की गई, जिससे ट्रैफिक और पैदल यात्रियों को राहत मिलेगी। इसके अलावा Patparganj हाईवे और Jhilmil Underpass जैसे हॉटस्पॉट्स का भी निरीक्षण किया गया। मंत्री ने कहा कि PWD, Delhi Jal Board (DJB) और सिंचाई विभाग के तालमेल से उन कामों में तेजी आई है जो पिछले 10-20 सालों से रुके हुए थे।

जलभराव को रोकने के लिए दिल्ली सरकार अब प्रीकास्ट ड्रेन टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल बढ़ा रही है, जिससे निर्माण में कम समय लगता है। सरकार ने 100 वर्ग मीटर या उससे बड़े प्लॉट वाले भवनों के लिए रेनवाटर हार्वेस्टिंग अनिवार्य कर दी है। मानसून की तैयारी के लिए PWD ने शहर में 45 संवेदनशील जगहों की पहचान की है, जिनकी निगरानी 179 CCTV कैमरों से की जा रही है। जलभराव से निपटने के लिए 754 स्थायी और 305 अस्थायी पंप तैनात किए गए हैं और यमुना के लिए थ्री-टियर चेतावनी सिस्टम लागू किया गया है।