Delhi: दिल्ली सरकार ने सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाली लड़कियों की सेहत और सुविधा के लिए एक नया अभियान शुरू किया है। मुख्यमंत्री Rekha Gupta ने 28 मई 2026 को Menstrual Hygiene Day के मौके पर यह घोषणा की। सरकार का मकसद है क
Delhi: दिल्ली सरकार ने सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाली लड़कियों की सेहत और सुविधा के लिए एक नया अभियान शुरू किया है। मुख्यमंत्री Rekha Gupta ने 28 मई 2026 को Menstrual Hygiene Day के मौके पर यह घोषणा की। सरकार का मकसद है कि बुनियादी सुविधाओं की कमी की वजह से किसी भी लड़की की पढ़ाई में रुकावट न आए और स्कूलों में उनके लिए एक सुरक्षित माहौल बने।
स्कूलों में कौन-कौन सी नई सुविधाएं मिलेंगी?
सरकार ने तय किया है कि सभी स्कूलों में Medical Room और Menstruation Corner बनाए जाएंगे। इन कॉर्नर्स में सैनिटरी नैपकिन, अंडरवियर और अन्य जरूरी सामान उपलब्ध रहेगा। इसके अलावा, वॉशरूम में सैनिटरी नैपकिन वेंडिंग मशीनें लगाने के काम में तेजी लाई जाएगी। साथ ही, सभी स्कूलों में RO वाटर कूलर लगाए जाएंगे और स्कूल की इमारतों की पुताई व बुनियादी ढांचे को सुधारा जाएगा।
शिकायत के लिए टोल-फ्री नंबर और जागरूकता अभियान
छात्रों और अभिभावकों की समस्याओं को सुनने के लिए सरकार जल्द ही एक टोल-फ्री नंबर जारी करेगी, जिसे स्कूलों में प्रमुखता से लगाया जाएगा। जागरूकता बढ़ाने के लिए ASHA और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं की मदद ली जाएगी ताकि समाज में पीरियड्स से जुड़ी झिझक को खत्म किया जा सके। साथ ही, HPV वैक्सीनेशन का डेटा इकट्ठा किया जाएगा और छात्राओं को ‘Hauslon Ki Udaan’ प्रोग्राम से जोड़ा जाएगा।
सुप्रीम कोर्ट और CBSE के निर्देशों का असर
यह कदम सुप्रीम कोर्ट के उस फैसले के बाद उठाया गया है जिसमें 30-31 जनवरी 2026 को मासिक धर्म के स्वास्थ्य को मौलिक अधिकार माना गया था। कोर्ट ने सभी स्कूलों में मुफ्त सैनिटरी पैड और अलग शौचालय देना अनिवार्य किया था। इसी आधार पर CBSE ने भी मार्च 2026 तक सभी संबद्ध स्कूलों को इन नियमों को लागू करने का निर्देश दिया था। दिल्ली सरकार ने शहर में 1,000 नए टॉयलेट ब्लॉक भी बनवाए हैं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
दिल्ली के स्कूलों में लड़कियों के लिए कौन से नए हेल्थ कॉर्नर बनेंगे?
सभी स्कूलों में Medical Room और Menstruation Corner बनाए जाएंगे, जहाँ सैनिटरी नैपकिन और अन्य जरूरी स्वच्छता सामग्री मुफ्त उपलब्ध होगी।
सुविधाओं की शिकायत कहाँ की जा सकती है?
दिल्ली सरकार जल्द ही एक टोल-फ्री नंबर जारी करने वाली है, जिसे स्कूलों में डिस्प्ले किया जाएगा ताकि छात्र और माता-पिता अपनी शिकायतें और सुझाव सीधे दे सकें।