Delhi: राजधानी में गगनचुंबी इमारतों की संख्या बढ़ रही है, जिसे देखते हुए Delhi Fire Service (DFS) अब अपनी तैयारी को आधुनिक बना रहा है। शहर में हाल ही में हुए आग के हादसों के बाद प्रशासन ने ऊंची बिल्डिंग्स में बचाव कार्य
Delhi: राजधानी में गगनचुंबी इमारतों की संख्या बढ़ रही है, जिसे देखते हुए Delhi Fire Service (DFS) अब अपनी तैयारी को आधुनिक बना रहा है। शहर में हाल ही में हुए आग के हादसों के बाद प्रशासन ने ऊंची बिल्डिंग्स में बचाव कार्य के लिए नए उपकरण खरीदने और स्टाफ की कमी को पूरा करने का फैसला किया है। LG तरणजीत सिंह संधू ने फायर सेफ्टी नियमों को सख्ती से लागू करने के निर्देश दिए हैं।
नए उपकरणों से कैसे बढ़ेगी सुरक्षा
Delhi Fire Service अब ऐसी मशीनें खरीदेगा जो 50 मंजिल तक की ऊंचाई तक पहुंच सकें। इसके लिए 200 मीटर तक की रेंज वाले विशेष फायर टेंडर और 90 मीटर लंबे एरियल लिफ्ट खरीदे जाएंगे, जिससे 30 मंजिल तक पहुंच आसान होगी। फिलहाल शहर में 42 मीटर वाले लिफ्ट हैं जो सिर्फ 10-11 मंजिल तक ही जा पाते हैं। इसके अलावा 50 क्विक रिस्पांस व्हीकल और अर्बन सर्च एंड रेस्क्यू टेंडर भी शामिल किए जाएंगे।
स्टाफ की कमी और संचार व्यवस्था में सुधार
विभाग में कर्मचारियों की भारी कमी है, जिसमें 3,633 स्वीकृत पदों में से 1,030 खाली हैं। इस कमी को पूरा करने के लिए दिल्ली सरकार पूर्व अग्निवीरों को भर्ती करने पर विचार कर रही है। साथ ही, 1969 से चल रहे पुराने वायरलेस सिस्टम को भी बदला जाएगा। होम मिनिस्टर आशीष सूद ने बताया कि इसके लिए जल्द ही टेंडर निकाले जाएंगे ताकि फायर स्टेशनों के बीच तालमेल बेहतर हो सके।
नियमों में सख्ती और कानूनी कार्रवाई
LG ने साफ किया है कि अवैध इमारतों और फायर सेफ्टी नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कड़ी कार्रवाई होगी। अब दिल्ली फायर सर्विसेज एक्ट, 2007 की धारा 32 को सख्ती से लागू किया जाएगा। इसका मतलब है कि अब सभी बहुमंजिला इमारतों में सुरक्षा उपाय अनिवार्य होंगे, चाहे उन्हें मौजूदा नियमों के तहत फायर सर्टिफिकेट की जरूरत हो या नहीं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
दिल्ली की ऊंची इमारतों के लिए कौन सी नई मशीनें खरीदी जा रही हैं?
DFS अब 200 मीटर रेंज वाले स्पेशल फायर टेंडर और 90 मीटर लंबे एरियल लिफ्ट खरीदेगा, जो 50 मंजिल तक की इमारतों में आग बुझाने और लोगों को बचाने में सक्षम होंगे।
फायर सर्विस में स्टाफ की कमी को कैसे पूरा किया जाएगा?
विभाग में 1,030 पद खाली हैं, जिन्हें भरने के लिए दिल्ली सरकार पूर्व अग्निवीरों (Agniveers) को भर्ती करने पर विचार कर रही है।