Delhi: दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने फरार गैंगस्टर कपिल संगवान उर्फ नंदू के खिलाफ दूसरा गैर-जमानती वारंट (NBW) जारी किया है। यह मामला पूर्व AAP विधायक नरेश बालियान से जुड़े MCOCA केस से संबंधित है। कोर्ट ने यह सख्त कदम
Delhi: दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने फरार गैंगस्टर कपिल संगवान उर्फ नंदू के खिलाफ दूसरा गैर-जमानती वारंट (NBW) जारी किया है। यह मामला पूर्व AAP विधायक नरेश बालियान से जुड़े MCOCA केस से संबंधित है। कोर्ट ने यह सख्त कदम तब उठाया जब आरोपी बार-बार बुलाने के बाद भी पेश नहीं हुआ।
कपिल संगवान के खिलाफ कोर्ट ने क्या आदेश दिए?
स्पेशल जज विशाल गोगने ने कपिल संगवान के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी करने का आदेश दिया। कोर्ट ने 9 जून 2026 के लिए सुनवाई तय की है और इस मामले में ‘ट्रायल इन एब्सेंटिया’ (अनुपस्थिति में मुकदमा) चलाने की प्रक्रिया शुरू की है। इसके साथ ही कोर्ट ने पुलिस और अभियोजन पक्ष को 9 जुलाई 2026 तक वारंट के निष्पादन और अन्य कानूनी औपचारिकताओं की रिपोर्ट जमा करने को कहा है।
MCOCA केस और नरेश बालियान की भूमिका क्या है?
यह पूरा मामला महाराष्ट्र कंट्रोल ऑफ ऑर्गनाइज्ड क्राइम एक्ट (MCOCA) के तहत दर्ज है। पुलिस का आरोप है कि पूर्व AAP विधायक नरेश बालियान ने कपिल संगवान के गैंग के लिए बिचौलिए के रूप में काम किया। MCOCA एक सख्त कानून है जिसमें संगठित अपराध चलाने वाले गिरोहों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाती है और जमानत मिलना बहुत मुश्किल होता है।
फरार गैंगस्टर कपिल संगवान की मौजूदा स्थिति क्या है?
कपिल संगवान उर्फ नंदू को दिल्ली पुलिस और कोर्ट एक संगठित अपराध सिंडिकेट का सरगना मानती है। वह फिलहाल विदेश में बैठकर अपना गैंग चला रहा है। उसके खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस भी जारी किया गया है। इससे पहले 24 फरवरी 2025 को भी एक जबरन वसूली के मामले में उसके खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया गया था।
Frequently Asked Questions (FAQs)
ट्रायल इन एब्सेंटिया (Trial in absentia) का क्या मतलब है?
इसका मतलब है कि जब कोई आरोपी फरार होता है और कोर्ट में पेश नहीं होता, तो कानून के विशेष प्रावधानों के तहत उसकी अनुपस्थिति में ही मुकदमा चलाया जाता है।
कपिल संगवान के खिलाफ कौन सा सख्त कानून लगाया गया है?
कपिल संगवान के खिलाफ MCOCA (महाराष्ट्र कंट्रोल ऑफ ऑर्गनाइज्ड क्राइम एक्ट) लगाया गया है, जो संगठित अपराध और गैंग चलाने वालों के लिए बनाया गया एक कड़ा कानून है।