Delhi में खराब सड़कों से परेशान कैब ड्राइवर का दर्द, बोले- E20 पेट्रोल से पहले सड़कें सही करो

Delhi: राजधानी दिल्ली में सड़कों की बदहाली अब आम लोगों और ड्राइवरों की जेब पर भारी पड़ रही है। एक कैब ड्राइवर ने अपनी परेशानी बताते हुए कहा कि सरकार को E20 पेट्रोल लाने से ज्यादा जरूरी सड़कों की मरम्मत पर ध्यान देना चाहि

Delhi: राजधानी दिल्ली में सड़कों की बदहाली अब आम लोगों और ड्राइवरों की जेब पर भारी पड़ रही है। एक कैब ड्राइवर ने अपनी परेशानी बताते हुए कहा कि सरकार को E20 पेट्रोल लाने से ज्यादा जरूरी सड़कों की मरम्मत पर ध्यान देना चाहिए। खराब सड़कों की वजह से गाड़ियों के रखरखाव का खर्च बढ़ गया है और ईंधन की खपत भी ज्यादा हो रही है, जिससे उनकी कमाई घट रही है।

दरअसल, 1 अप्रैल 2026 से पूरे देश में E20 पेट्रोल (20% इथेनॉल मिश्रित पेट्रोल) की सप्लाई अनिवार्य कर दी गई है। इस बीच, केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री Nitin Gadkari ने 7 जुलाई 2026 को एक कॉन्फ्रेंस में E20 पेट्रोल के विरोधियों को चुनौती दी। उन्होंने कहा कि अब तक किसी भी गाड़ी के खराब होने का कोई सबूत सामने नहीं आया है और यह कदम भारत के 22 लाख करोड़ रुपये के तेल आयात बिल को कम करने और किसानों की मदद के लिए जरूरी है।

दूसरी तरफ, ऑटोमोबाइल कंपनियों जैसे Maruti Suzuki, Toyota और Hyundai के विशेषज्ञों ने 4 जुलाई 2026 को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में भरोसा दिलाया कि E20 पेट्रोल सुरक्षित है। Maruti Suzuki के राहुल भारती ने बताया कि 2025-26 में सर्विस हुई 1.5 करोड़ पुरानी गाड़ियों में E20 की वजह से कोई समस्या नहीं मिली। हालांकि, ऑटो एक्सपर्ट Tutu Dhawan ने पुरानी गाड़ियों के मालिकों को लुब्रिकेशन के लिए थोड़ा टू-स्ट्रोक ऑयल डालने की सलाह दी है।

दिल्ली की सड़कों की हालत इतनी खराब है कि हाल ही में Gurugram के NH-48 और सिविल लाइन रोड पर भारी बारिश के कारण सड़क धंसने की खबरें आईं। दिल्ली की मुख्यमंत्री Rekha Gupta ने 8 जून 2026 को घोषणा की थी कि सरकार CSIR-CRRI और SPA के साथ मिलकर एक नया ‘रोड एसेट मैनेजमेंट सिस्टम’ तैयार कर रही है ताकि सड़कों के रखरखाव, ट्रैफिक और जलभराव की समस्या को वैज्ञानिक तरीके से सुलझाया जा सके।