Delhi: दिल्ली सरकार के विकास मंत्री Kapil Mishra ने बकरीद के त्यौहार को देखते हुए पशु कल्याण कानूनों को सख्ती से लागू करने के निर्देश दिए हैं। गुरुवार, 21 मई 2026 को विकास विभाग के साथ हुई एक समीक्षा बैठक में उन्होंने सा
Delhi: दिल्ली सरकार के विकास मंत्री Kapil Mishra ने बकरीद के त्यौहार को देखते हुए पशु कल्याण कानूनों को सख्ती से लागू करने के निर्देश दिए हैं। गुरुवार, 21 मई 2026 को विकास विभाग के साथ हुई एक समीक्षा बैठक में उन्होंने साफ किया कि जानवरों के प्रति क्रूरता और नियमों की अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं कि वे यह सुनिश्चित करें कि सभी सरकारी गाइडलाइन्स का पालन हो।
कुर्बानी और पशु बिक्री के लिए क्या हैं नए नियम?
मंत्री Kapil Mishra ने निर्देश दिया है कि जानवरों की कुर्बानी केवल अधिकृत और निर्धारित स्थानों पर ही करने की अनुमति दी जाएगी। सड़कों, गलियों या किसी भी सार्वजनिक जगह पर कुर्बानी करना पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। इसके अलावा, सार्वजनिक स्थानों पर जानवरों की खरीद-बिक्री करना भी गैरकानूनी माना जाएगा। अधिकारियों को निर्देश मिला है कि वे अवैध परिवहन और अवैध वध के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करें।
किन जानवरों की कुर्बानी पर है पूरी तरह रोक?
दिल्ली एग्रीकल्चरल कैटल प्रिजर्वेशन एक्ट 1994 के तहत दिल्ली में गाय और बछड़ों के वध पर पूरी तरह रोक है। इसके साथ ही ऊंटों की कुर्बानी पर भी पाबंदी रहेगी क्योंकि इन्हें भोजन के लिए उपयुक्त पशु नहीं माना जाता है। मंत्री ने कहा कि पशु संरक्षण केवल कानूनी जिम्मेदारी नहीं बल्कि एक नैतिक कर्तव्य भी है।
साफ-सफाई और सोशल मीडिया को लेकर क्या निर्देश हैं?
सार्वजनिक स्वच्छता बनाए रखने के लिए यह निर्देश दिया गया है कि जानवरों का खून सीधे सड़कों, नालों या नहरों में न बहे। कुर्बानी के बाद बचे हुए अवशेषों का निपटारा सुरक्षा मानकों के अनुसार किया जाएगा। साथ ही, दिल्ली सरकार ने एडवाइजरी जारी की है कि कुर्बानी के अनुष्ठानों की फोटो या वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर न किए जाएं ताकि ऐसी गतिविधियों का महिमामंडन न हो।
Frequently Asked Questions (FAQs)
दिल्ली में बकरीद पर कुर्बानी कहाँ की जा सकती है?
कुर्बानी केवल सरकार द्वारा अधिकृत और निर्धारित स्थानों पर ही की जा सकती है। सड़कों, गलियों या किसी भी सार्वजनिक स्थान पर कुर्बानी करना प्रतिबंधित है।
किन जानवरों की कुर्बानी पर दिल्ली में पाबंदी है?
दिल्ली एग्रीकल्चरल कैटल प्रिजर्वेशन एक्ट 1994 के तहत गाय, बछड़े और ऊंटों की कुर्बानी पर पूरी तरह से रोक लगाई गई है।