Delhi: दिल्ली की साकेत कोर्ट ने अल-फलाह यूनिवर्सिटी के चेयरमैन जवाद अहमद सिद्दीकी की अंतरिम जमानत याचिका को खारिज कर दिया है। सिद्दीकी पर 493 करोड़ रुपये के मनी लॉन्ड्रिंग का आरोप है और उन्होंने अपनी पत्नी के कैंसर इलाज
Delhi: दिल्ली की साकेत कोर्ट ने अल-फलाह यूनिवर्सिटी के चेयरमैन जवाद अहमद सिद्दीकी की अंतरिम जमानत याचिका को खारिज कर दिया है। सिद्दीकी पर 493 करोड़ रुपये के मनी लॉन्ड्रिंग का आरोप है और उन्होंने अपनी पत्नी के कैंसर इलाज के लिए छह हफ्ते की जमानत मांगी थी। अदालत ने इस याचिका को नामंजूर करते हुए कहा कि पत्नी की देखभाल के लिए परिवार के अन्य सदस्य मौजूद हैं।
जमानत याचिका क्यों खारिज हुई?
अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश शीतल चौधरी प्रधान ने याचिका खारिज करते हुए कहा कि जवाद अहमद सिद्दीकी यह साबित नहीं कर पाए कि उनकी पत्नी को केवल उनकी ही देखभाल की जरूरत है। कोर्ट ने मेडिकल रिकॉर्ड्स को देखते हुए बताया कि उनकी पत्नी की हालत स्थिर है और वह पूरी तरह बिस्तर पर नहीं हैं। कोर्ट के मुताबिक, घर में अन्य वयस्क सदस्य मौजूद हैं जो उनकी देखभाल कर सकते हैं।
क्या है पूरा मनी लॉन्ड्रिंग मामला?
ED का आरोप है कि अल-फलाह यूनिवर्सिटी ने NAAC और UGC से मान्यता होने का झूठा दावा करके हजारों छात्रों और अभिभावकों को धोखा दिया। इस तरीके से यूनिवर्सिटी ने करीब 493 करोड़ रुपये की कमाई की। आरोप है कि जवाद अहमद सिद्दीकी ने अल-फलाह चैरिटेबल ट्रस्ट के पैसों को अपने निजी खातों और अलग-अलग निवेशों में ट्रांसफर किया। सिद्दीकी को ED ने 18 नवंबर 2025 को गिरफ्तार किया था।
यूनिवर्सिटी पर अन्य गंभीर आरोप
इस मामले में यूनिवर्सिटी की जांच तब और बढ़ गई जब नवंबर 2025 में लाल किले पर हुए धमाके के आरोपी डॉ. उमर नबी का नाम सामने आया। डॉ. उमर नबी यूनिवर्सिटी के मेडिकल कॉलेज में काम कर चुके थे। इसी वजह से जांच एजेंसी यूनिवर्सिटी के कामकाज और पैसों के लेन-देन की गहराई से जांच कर रही है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
जवाद अहमद सिद्दीकी पर क्या आरोप हैं?
उन पर अल-फलाह यूनिवर्सिटी के जरिए फर्जी मान्यता दिखाकर छात्रों से करीब 493 करोड़ रुपये ठगने और उस पैसे को निजी खातों में लॉन्ड्रिंग करने का आरोप है।
कोर्ट ने जमानत देने से क्यों मना किया?
कोर्ट ने कहा कि उनकी पत्नी की हालत स्थिर है और घर में अन्य सदस्य मौजूद हैं, इसलिए उनकी विशेष उपस्थिति की कानूनी जरूरत नहीं दिखी।