Haryana: गुरुग्राम में एक स्टैंड-अप कॉमेडी शो के दौरान ‘370 रुपये की बिरयानी’ को लेकर की गई टिप्पणी अब कानूनी मुसीबत बन गई है। इस मामले में राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) और महाराष्ट्र पुलिस ने कड़ा एक्शन लिया है
Haryana: गुरुग्राम में एक स्टैंड-अप कॉमेडी शो के दौरान ‘370 रुपये की बिरयानी’ को लेकर की गई टिप्पणी अब कानूनी मुसीबत बन गई है। इस मामले में राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) और महाराष्ट्र पुलिस ने कड़ा एक्शन लिया है। कॉमेडियन Pranit More और उनके शो में शामिल कुछ अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज हुआ है और उन्हें पूछताछ के लिए बुलाया गया है।
NCW और पुलिस ने क्या एक्शन लिया है?
National Commission for Women (NCW) ने इस मामले का खुद संज्ञान लिया है। आयोग का कहना है कि वीडियो में महिलाओं की सहमति और गरिमा का अपमान किया गया है। NCW की चेयरपर्सन विजया रहाटकर ने हरियाणा DGP को पत्र लिखकर सात दिन के भीतर रिपोर्ट मांगी है। साथ ही, 22 जून को Pranit More और हिमांशु जांगड़ा को पेश होने के लिए समन भेजा गया है।
दूसरी तरफ, Maharashtra Cyber Police ने मुंबई में FIR दर्ज की है। यह केस भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराओं और IT एक्ट के तहत दर्ज हुआ है। पुलिस का आरोप है कि इस तरह के आपत्तिजनक कंटेंट को सोशल मीडिया पर व्यूज और पैसे कमाने के लिए फैलाया गया।
किन लोगों पर गिरी गाज और क्या है पूरा विवाद?
इस विवाद में मुख्य रूप से तीन नाम सामने आए हैं। कॉमेडियन Pranit More के अलावा, दर्शक Himanshu Jangra ने विवादित टिप्पणी की थी, जिसकी वजह से उसे गुरुग्राम स्थित उसकी कंपनी से नौकरी से निकाल दिया गया है। इसके अलावा, Dr. Sejal Pawar पर भी मृत शरीरों (cadavers) के बारे में गलत टिप्पणी करने का आरोप है, इसलिए उन्हें भी FIR में नामजद किया गया है।
मामला बढ़ने के बाद Pranit More ने अपना इंस्टाग्राम अकाउंट बंद कर दिया है। उन्होंने एक सार्वजनिक माफीनामा जारी किया है, जिसमें कहा है कि दर्शक द्वारा की गई टिप्पणी उनके निजी विचार नहीं थे और उन्हें उस समय उस बात को रोकना चाहिए था।
Frequently Asked Questions (FAQs)
कॉमेडियन प्रनित मोरे और हिमांशु जांगड़ा को कब पेश होना है?
NCW ने प्रनित मोरे और हिमांशु जांगड़ा को 22 जून को शाम 4 बजे सुनवाई के लिए तलब किया है।
मुंबई पुलिस ने किन धाराओं के तहत केस दर्ज किया है?
महाराष्ट्र साइबर पुलिस ने BNS की धारा 75(1)(iv), 75(3), 294, 353(2) और IT एक्ट की धारा 67 के तहत FIR दर्ज की है।