Finance : आजकल डिजिटल अरेस्ट के नाम पर लोगों को डराकर पैसे ठगने का चलन बढ़ गया है। इससे निपटने के लिए Central Bureau of Investigation (CBI) एक नया AI चैटबॉट ‘Abhay’ लॉन्च करने जा रही है। यह टूल आम लोगों को यह
Finance : आजकल डिजिटल अरेस्ट के नाम पर लोगों को डराकर पैसे ठगने का चलन बढ़ गया है। इससे निपटने के लिए Central Bureau of Investigation (CBI) एक नया AI चैटबॉट ‘Abhay’ लॉन्च करने जा रही है। यह टूल आम लोगों को यह चेक करने में मदद करेगा कि उन्हें मिला नोटिस असली है या फर्जी।
‘Abhay’ चैटबॉट क्या है और यह कैसे काम करेगा?
CBI इस चैटबॉट को सोमवार, 20 अप्रैल 2026 को लॉन्च करेगी। इसे Chief Justice of India (CJI) Surya Kant द्वारा 22वें D.P. Kohli Memorial Lecture के दौरान पेश किया जाएगा। अगर किसी व्यक्ति के पास CBI के नाम से कोई नोटिस आता है, तो वह इस चैटबॉट में नोटिस नंबर या उससे जुड़ी जानकारी डालकर उसकी असलियत जान सकेगा। यह सिस्टम सीधे CBI के डेटाबेस से जानकारी मिलाएगा और बताएगा कि नोटिस असली है या नहीं।
डिजिटल अरेस्ट के बारे में CBI की जरूरी चेतावनी
CBI ने साफ किया है कि ‘डिजिटल अरेस्ट’ जैसा कोई कानून भारत में नहीं है। कोई भी सरकारी एजेंसी वीडियो कॉल या फोन पर किसी को गिरफ्तार नहीं कर सकती। लोगों को सलाह दी गई है कि वे किसी भी अनजान कॉलर को अपनी निजी जानकारी न दें और न ही किसी के कहने पर पैसे ट्रांसफर करें।
साइबर ठगी पर अब तक की बड़ी कार्रवाई
हाल ही में CBI ने डिजिटल अरेस्ट स्कैम के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। शनिवार, 18 अप्रैल 2026 को तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में छापेमारी कर तीन लोगों को पकड़ा गया। इनमें IndusInd Bank का एक असिस्टेंट मैनेजर भी शामिल है, जिन्होंने एक बुजुर्ग व्यक्ति से 1.6 करोड़ रुपये ठगे थे।
| मुख्य जानकारी |
विवरण |
| चैटबॉट का नाम |
Abhay |
| लॉन्च की तारीख |
20 अप्रैल 2026 |
| लॉन्च करने वाले |
CJI Surya Kant |
| मुख्य उद्देश्य |
नोटिस की सत्यता जांचना |
| कानूनी स्थिति |
डिजिटल अरेस्ट पूरी तरह फर्जी है |