Bihar: BRABU में पीएचडी नामांकन प्रक्रिया स्थगित, मेरिट लिस्ट में गड़बड़ी के आरोप के बाद प्रशासन का फैसला

Bihar: बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय (BRABU) में पीएचडी नामांकन को लेकर मचा बवाल अब बढ़ गया है। छात्रों के भारी विरोध और संयुक्त छात्र संगठनों के आंदोलन के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने नामांकन प्रक्रिया को

Bihar: बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय (BRABU) में पीएचडी नामांकन को लेकर मचा बवाल अब बढ़ गया है। छात्रों के भारी विरोध और संयुक्त छात्र संगठनों के आंदोलन के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने नामांकन प्रक्रिया को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया है। यह फैसला तब आया जब छात्रों ने मेरिट लिस्ट और चयन प्रक्रिया में धांधली के गंभीर आरोप लगाए थे।

दरअसल, 22 जून 2026 से पीएचडी नामांकन शुरू होना था, लेकिन छात्रों ने पीएचडी एडमिशन टेस्ट (PAT) के नतीजों और मेरिट लिस्ट में गड़बड़ी का दावा किया। छात्रों का कहना है कि रोस्टर नियमों का पालन नहीं किया गया और कई योग्य उम्मीदवारों को बाहर रखा गया। इस विरोध के दौरान 20 जून को छात्रों ने मशाल जुलूस निकाला था, जिसके बाद प्रशासन को झुकना पड़ा। इतिहास के अभिषेक कुमार और भूगोल के अविनाश कुमार जैसे गोल्ड मेडलिस्ट छात्रों ने आरोप लगाया कि कुछ खास लोगों को फायदा पहुँचाने के लिए उन्हें लिस्ट से हटाया गया।

इस मामले में यूनिवर्सिटी प्रशासन की भूमिका पर भी सवाल उठे हैं। छात्र नेताओं का कहना है कि कुलपति ने एक हफ्ते में जांच का भरोसा दिया था, लेकिन चार हफ्ते बीत जाने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। अब इस पूरे मामले की शिकायत लोक भवन भेजी गई है।

वहीं, इस बीच यूजीसी (UGC) और चांसलर सचिवालय की तरफ से एक बड़ा निर्देश भी आया है। नए नियमों के मुताबिक, अब बिहार की यूनिवर्सिटीज में पीएचडी एडमिशन केवल UGC-NET स्कोर के आधार पर होगा। इसके बाद यूनिवर्सिटी लेवल पर होने वाले PAT एग्जाम को खत्म कर दिया गया है। जिन यूनिवर्सिटीज ने विज्ञापन निकाल दिया था लेकिन परीक्षा नहीं ली, उन्हें अब अपने नोटिफिकेशन वापस लेने को कहा गया है।