Mumbai: मुलुंड स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स के रेस्टोरेंट और मैरिज हॉल को बड़ी राहत, बॉम्बे हाई कोर्ट ने BMC के फैसले पर लगाई रोक
Maharashtra/Mumbai: मुंबई के मुलुंड स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में चल रहे एक रेस्टोरेंट और मैरिज हॉल को बॉम्बे हाई कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। कोर्ट ने BMC द्वारा इन प्रतिष्ठानों की अनुमति वापस लेने के फैसले पर रोक लगा दी है।
Maharashtra/Mumbai: मुंबई के मुलुंड स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में चल रहे एक रेस्टोरेंट और मैरिज हॉल को बॉम्बे हाई कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। कोर्ट ने BMC द्वारा इन प्रतिष्ठानों की अनुमति वापस लेने के फैसले पर रोक लगा दी है। यह मामला पिछले प्रशासन के समय मिली मंजूरियों और वर्तमान प्रशासन द्वारा उन पर उठाए गए सवालों से जुड़ा है।
दरअसल, यह रेस्टोरेंट और मैरिज हॉल Dhanraj Hospitality and Services नाम की कंपनी चला रही है। इस कंपनी को 2021 में स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स के कुछ हिस्सों को विकसित करने का टेंडर मिला था और 2023 में BMC से मंजूरी मिलने के बाद यहां काम शुरू हुआ। लेकिन मई 2026 में BJP नेता किरीट सोमैया ने यहां अनियमितताओं और घोटाले का आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज कराई थी। इसके बाद BMC ने मई में कारण बताओ नोटिस जारी किया और जून 2026 में लाइसेंस रद्द करने का आदेश दे दिया।
इस विवाद के बीच मुंबई की मेयर रितु तावड़े ने भी परिसर में अवैध निर्माण का आरोप लगाया और 15 मई 2026 को अवैध ढांचों को हटाने का आदेश दिया था। 17 मई को BMC ने वहां तोड़फोड़ की कार्रवाई भी की थी। कंपनी ने इसके खिलाफ हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। कोर्ट ने पहले ही BMC को फटकार लगाई थी कि वह बिना उचित नोटिस दिए कानून अपने हाथ में नहीं ले सकता और तोड़फोड़ नहीं कर सकता।
कंपनी का कहना है कि सारा काम मंजूर नक्शों के हिसाब से हुआ है और कंप्लीशन सर्टिफिकेट लेने की जिम्मेदारी उस ट्रस्ट की थी जिसने लीज ली है। वहीं, किरीट सोमैया का आरोप है कि ट्रस्ट के नियमों के मुताबिक वहां शादी-ब्याह या कमर्शियल इवेंट्स के लिए जगह किराए पर नहीं दी जा सकती और 15 साल का कॉन्ट्रैक्ट देना सार्वजनिक संपत्ति का दुरुपयोग है। अब एक्टिंग चीफ जस्टिस रवींद्र घुगे और जस्टिस गौतम अंखाड की बेंच ने BMC के आदेश पर स्टे लगा दिया है, जिससे कंपनी को फिलहाल राहत मिली है।