Maharashtra: मुंबई को मानसून की बारिश और बाढ़ से बचाने के लिए BMC ने Mithi नदी की सफाई (desilting) का काम तेज कर दिया है। BMC की स्टैंडिंग कमेटी ने बुधवार, 21 अप्रैल 2026 को इस काम के लिए 29.66 करोड़ रुपये के कॉन्ट्रैक्ट
Maharashtra: मुंबई को मानसून की बारिश और बाढ़ से बचाने के लिए BMC ने Mithi नदी की सफाई (desilting) का काम तेज कर दिया है। BMC की स्टैंडिंग कमेटी ने बुधवार, 21 अप्रैल 2026 को इस काम के लिए 29.66 करोड़ रुपये के कॉन्ट्रैक्ट को मंजूरी दे दी है। नदी से गाद निकालने का यह काम तीन अलग-अलग हिस्सों में बांटा गया है ताकि शहर के निचले इलाकों में पानी न भरे।
Mithi नदी की सफाई का काम कैसे होगा और कौन करेगा
इस प्रोजेक्ट के लिए दो अलग-अलग ठेकेदारों को चुना गया है। पहले फेज के लिए M/s Prashant Lad सबसे कम बोली लगाने वाले रहे, जबकि बाकी दो फेज की जिम्मेदारी Tulja Bhavani Constructions को मिली है। सफाई का काम इन तीन हिस्सों में पूरा किया जाएगा:
- Filterpada (Powai) से Teachers’ Colony (Kurla) तक।
- Teachers’ Colony से BKC Connector ब्रिज तक।
- BKC Connector ब्रिज से Mahim nullah आउटफॉल तक।
काम की निगरानी और पारदर्शिता के लिए क्या इंतजाम हैं
BMC ने इस बार काम में पारदर्शिता लाने के लिए कई कड़े नियम बनाए हैं। अब ठेकेदारों को हर हफ्ते काम की प्रोग्रेस रिपोर्ट देनी होगी। आम जनता भी इस काम पर नजर रख सकती है क्योंकि BMC ने इसके लिए एक लाइव डैशबोर्ड (https://swd.mcgm.gov.in/WMS2026) शुरू किया है। इसके अलावा साइट पर डिजिटल डिस्प्ले बोर्ड लगाए जाएंगे और गाड़ियों की आवाजाही को ऑनलाइन पोर्टल पर ट्रैक किया जाएगा।
अब तक कितनी गाद निकाली गई और क्या रही चुनौतियां
अतिरिक्त नगर आयुक्त (प्रोजेक्ट्स) Abhijit Bangar के मुताबिक, मुंबई में सफाई का काम अप्रैल के पहले हफ्ते से ही शुरू हो गया था। 21 अप्रैल तक का डेटा देखें तो कुल 1.32 लाख मीट्रिक टन के लक्ष्य में से 18% यानी 23,257 मीट्रिक टन गाद निकाली जा चुकी है। हालांकि, पुराने समय में हुए 65 करोड़ रुपये के कथित घोटाले और EOW की जांच की वजह से कई कंपनियां पीछे हट गई थीं, जिसके कारण BMC को टेंडर की शर्तों में ढील देनी पड़ी थी।