Bihar के शहरों की बदलेगी सूरत, World Bank और सरकार मिलकर करेंगे 4,750 करोड़ रुपये से कायाकल्प

Bihar: बिहार के शहरों को आधुनिक और सुंदर बनाने के लिए सरकार ने एक बड़ा प्लान तैयार किया है। नगर विकास एवं आवास विभाग और World Bank मिलकर ‘बिहार अर्बन ट्रांसफॉर्मेशन प्रोग्राम’ चलाएंगे। इस महाअभियान का मकसद अग

Bihar: बिहार के शहरों को आधुनिक और सुंदर बनाने के लिए सरकार ने एक बड़ा प्लान तैयार किया है। नगर विकास एवं आवास विभाग और World Bank मिलकर ‘बिहार अर्बन ट्रांसफॉर्मेशन प्रोग्राम’ चलाएंगे। इस महाअभियान का मकसद अगले 10 सालों में शहरों की तस्वीर बदलना और उन्हें सुविधाओं से लैस करना है।

इस पूरे प्रोजेक्ट के लिए बिहार कैबिनेट ने 6 मई 2026 को World Bank से 500 मिलियन डॉलर यानी करीब 4,750 करोड़ रुपये के लोन को मंजूरी दे दी थी। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में हुई मीटिंग में इस पर मुहर लगी। सरकार का लक्ष्य है कि शहरों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाया जाए ताकि वे खुद अपनी तरक्की के रास्ते खोज सकें।

हाल ही में 23 से 25 जून 2026 तक एक खास वर्कशॉप आयोजित की गई, जिसमें शहरों के विकास की रणनीति पर चर्चा हुई। नगर विकास मंत्री नीतीश मिश्रा ने बताया कि शहरीकरण, औद्योगिकीकरण और पर्यटन ही विकसित बिहार का मूल मंत्र हैं। उन्होंने यह भी कहा कि जो प्रोजेक्ट नए आइडिया और कमाई के जरिए खुद को चलाने की क्षमता रखेंगे, उन्हें ‘अर्बन चैलेंज फंड’ के तहत बढ़ावा दिया जाएगा।

इस योजना के तहत कुछ खास बातें सामने आई हैं:

मुख्य बिंदु विवरण
कुल बजट (World Bank लोन) लगभग 4,750 करोड़ रुपये
अर्बन चैलेंज फंड (UCF) 2,900 करोड़ रुपये का आवंटन
मुख्य उद्देश्य आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और आर्थिक केंद्र बनाना
नया नियम बिहार बिल्डिंग (संशोधन) उप-नियम 2026 को मंजूरी
चुनाव सुधार नगर निकाय चुनावों में e-voting सिस्टम का इस्तेमाल
प्रमुख फोकस सैटेलाइट टाउनशिप और पुराने शहरों का नवीनीकरण

प्रिंसिपल सेक्रेटरी विनय कुमार ने बताया कि सरकार अब नए शहरी केंद्र और सैटेलाइट टाउनशिप बनाने पर जोर दे रही है। World Bank की टीम ने भी बिहार को क्लाइमेट चेंज से निपटने और बेहतर शहरी प्लानिंग के लिए तकनीकी मदद देने का भरोसा दिया है। इस अभियान में पटना नगर निगम के साथ-साथ वित्त, जल संसाधन और सड़क निर्माण विभाग भी शामिल हैं। सीतामढ़ी नगर निगम ने भी इस वर्कशॉप में हिस्सा लिया ताकि वहां की नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाया जा सके।