Bihar: बिहार सरकार ने असंगठित क्षेत्र के कामगारों और शिल्पकारों के लिए सामाजिक सुरक्षा योजना के नियमों में बड़ा बदलाव किया है। 23 जनवरी 2024 से लागू हुए नए प्रावधानों के तहत अब दुर्घटना, मृत्यु और दिव्यांगता की स्थिति मे
Bihar: बिहार सरकार ने असंगठित क्षेत्र के कामगारों और शिल्पकारों के लिए सामाजिक सुरक्षा योजना के नियमों में बड़ा बदलाव किया है। 23 जनवरी 2024 से लागू हुए नए प्रावधानों के तहत अब दुर्घटना, मृत्यु और दिव्यांगता की स्थिति में मिलने वाली आर्थिक मदद की राशि बढ़ा दी गई है। इसका सीधा फायदा राज्य के उन मजदूरों को मिलेगा जो किसी कंपनी या संस्था से नहीं जुड़े हैं।
संशोधित सहायता राशि कितनी है?
बिहार शताब्दी असंगठित कार्यक्षेत्र कामगार एवं शिल्पकार सामाजिक सुरक्षा योजना के तहत अब लाभार्थियों को मिलने वाली राशि इस प्रकार है:
| स्थिति |
सहायता राशि (रुपये) |
| दुर्घटना में मृत्यु |
2,00,000 |
| सामान्य मृत्यु |
50,000 |
| पूर्ण स्थायी दिव्यांगता |
1,00,000 |
| आंशिक स्थायी दिव्यांगता |
50,000 |
| अस्पताल में भर्ती (दुर्घटना) |
10,000 |
| असाध्य बीमारी का इलाज |
15,000 से 60,000 |
कौन ले सकता है इस योजना का लाभ?
इस योजना का लाभ लेने के लिए आवेदक को बिहार का निवासी होना जरूरी है। आवेदन करने वाले व्यक्ति की उम्र 18 से 65 वर्ष के बीच होनी चाहिए। साथ ही वह बिहार के असंगठित क्षेत्र में काम करने वाला मजदूर या शिल्पकार होना चाहिए। योजना में रेल हादसा, सड़क दुर्घटना, बिजली का झटका, सांप का काटना और आग से जलने जैसी घटनाओं को दुर्घटना माना गया है, लेकिन नशे की हालत में हुई दुर्घटना या आत्महत्या इसमें शामिल नहीं होगी।
आवेदन कैसे करें और क्या हैं अन्य लाभ?
इच्छुक लोग अपना आवेदन ऑफलाइन तरीके से जिला अधिकारी (DM) के कार्यालय या श्रम कल्याण समिति में जमा कर सकते हैं। महिला मजदूर अपने आवेदन प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) या श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी के पास भी दे सकती हैं। इसके अलावा, योजना में बच्चों की पढ़ाई के लिए छात्रवृत्ति का भी प्रावधान है, जिसमें कक्षा 11-12 के लिए 2,500 रुपये, ITI के लिए 5,000 रुपये और पॉलिटेक्निक छात्रों को सालाना 10,000 रुपये दिए जाएंगे। सारा पैसा सीधे बैंक खाते में NEFT या RTGS के जरिए भेजा जाएगा।
Frequently Asked Questions (FAQs)
बिहार सामाजिक सुरक्षा योजना के लिए आवेदन कहाँ जमा करना होगा?
आवेदन ऑफलाइन जमा करना होगा। इसे जिला अधिकारी (DM) कार्यालय या श्रम कल्याण समिति में दिया जा सकता है। महिला श्रमिक BDO या श्रम अधीक्षक के कार्यालय में भी आवेदन दे सकती हैं।
क्या इस योजना में बच्चों की पढ़ाई के लिए भी मदद मिलती है?
हाँ, इसमें शैक्षिक सहायता शामिल है। कक्षा 11-12 के छात्रों को 2,500 रुपये, ITI वालों को 5,000 रुपये और पॉलिटेक्निक छात्रों को 10,000 रुपये की वार्षिक छात्रवृत्ति दी जाती है।