Bihar के वित्त रहित शिक्षकों की सैलरी का मुद्दा फिर गरमाया, MLC संजय कुमार सिंह मानसून सत्र में उठाएंगे आवाज
Bihar: राज्य के वित्त रहित शिक्षकों की सैलरी का मामला एक बार फिर चर्चा में है। MLC संजय कुमार सिंह ने कहा है कि शिक्षकों के वेतन भुगतान का मुद्दा पिछले साल के मानसून सत्र और इस साल के बजट सत्र में भी उठाया गया था, लेकिन
Bihar: राज्य के वित्त रहित शिक्षकों की सैलरी का मामला एक बार फिर चर्चा में है। MLC संजय कुमार सिंह ने कहा है कि शिक्षकों के वेतन भुगतान का मुद्दा पिछले साल के मानसून सत्र और इस साल के बजट सत्र में भी उठाया गया था, लेकिन अब तक कोई ठोस नतीजा नहीं निकला। उन्होंने साफ किया कि आने वाले मानसून सत्र में इस मुद्दे को और भी जोरदार तरीके से सदन में रखा जाएगा।
बता दें कि मुख्यमंत्री Nitish Kumar ने 30 सितंबर 2025 को मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक हाई-लेवल कमेटी बनाई थी। इस कमेटी का काम सहायता प्राप्त और वित्त रहित शिक्षण संस्थानों, संस्कृत स्कूलों और मदरसों की समस्याओं को सुलझाना था। इसमें शिक्षकों और गैर-शिक्षण कर्मचारियों के वेतन भुगतान और स्थापना अनुदान की मासिक समीक्षा करने की जिम्मेदारी दी गई थी।
शिक्षा मंत्री Sunil Kumar ने 11 फरवरी 2026 को बताया था कि कमेटी वित्त रहित स्कूलों और कॉलेजों के वेतनमान की जांच कर रही है और जल्द ही फैसला लिया जाएगा। वहीं उपमुख्यमंत्री Samrat Choudhary ने भी भरोसा दिलाया था कि लंबित मुद्दों पर ठोस कार्रवाई होगी।
दूसरी तरफ, शिक्षकों के संगठनों में इस कमेटी को लेकर नाराजगी है। बिहार राज्य संबद्ध डिग्री कॉलेज शिक्षक एवं गैर-शिक्षण कर्मचारी फेडरेशन के अध्यक्ष Shambhunath Prasad Sinha ने इसे महज एक दिखावा बताया है। उनका कहना है कि पहले भी तीन कमेटियां बनीं लेकिन उनकी सिफारिशें लागू नहीं हुईं और 2015 से 2018 तक का वेतन बकाया अब भी बाकी है।
बिहार विधानसभा और विधान परिषद का आगामी मानसून सत्र 20 जुलाई से 24 जुलाई 2026 तक चलेगा। MLC संजय कुमार सिंह ने इसी सत्र में शिक्षकों की सैलरी के भुगतान की मांग को प्रमुखता से उठाने का संकल्प लिया है।