Bihar के शिवाजीनगर में हजारों राशन कार्ड रद्द, बल्लीपुर के ग्रामीणों ने BDO को सौंपा आवेदन

Bihar: शिवाजीनगर की 17 पंचायतों में हजारों राशन कार्ड रद्द होने से पात्र परिवार सरकारी अनाज से वंचित हो गए हैं। इस मामले को लेकर 9 जुलाई, 2026 को बल्लीपुर गांव के ग्रामीणों ने प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) को एक आवेदन दिय

Bihar: शिवाजीनगर की 17 पंचायतों में हजारों राशन कार्ड रद्द होने से पात्र परिवार सरकारी अनाज से वंचित हो गए हैं। इस मामले को लेकर 9 जुलाई, 2026 को बल्लीपुर गांव के ग्रामीणों ने प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) को एक आवेदन दिया। ग्रामीणों ने राशन कार्ड से नाम हटाने और RDPS पोर्टल में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए तत्काल जांच की मांग की है।

ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि अगर उनकी समस्याओं का जल्द समाधान नहीं हुआ, तो वे धरना प्रदर्शन करेंगे। इस पूरे मामले में स्थानीय ग्रामीण, BDO और खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग शामिल हैं। प्रशासन से मांग की गई है कि जिन पात्र लोगों के नाम हटाए गए हैं, उनकी सूची की दोबारा जांच की जाए और कार्रवाई की जाए।

बिहार सरकार वर्तमान में बड़े पैमाने पर राशन कार्डों की जांच कर रही है ताकि अपात्र लोगों को हटाया जा सके। कार्ड रद्द होने के कई मुख्य कारण हो सकते हैं, जैसे परिवार के पास चार पहिया वाहन होना, सरकारी नौकरी में होना या आयकर देना। इसके अलावा, जिनकी वार्षिक आय 1,20,000 रुपये से अधिक है या जिनके पास निर्धारित सीमा से ज्यादा सिंचित भूमि है, उन्हें भी अपात्र माना जा रहा है।

राशन कार्ड रद्द होने के कुछ अन्य तकनीकी कारण भी हैं। जिन लोगों ने अपना e-KYC पूरा नहीं किया है या जिन्होंने लगातार 6 महीने से राशन नहीं लिया है, उनके नाम सूची से हटाए जा रहे हैं। कुछ मामलों में डेटा मिसमैच या फर्जी कार्ड होने की वजह से भी यह कार्रवाई हुई है।

खाद्य सचिव विनय कुमार ने बताया कि शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में अपात्र परिवारों के कार्ड रद्द करने के निर्देश दिए गए हैं। नियमों के मुताबिक, कार्ड रद्द करने से पहले नोटिस देकर व्यक्ति को अपनी बात रखने का मौका दिया जाना चाहिए। यदि कोई पात्र व्यक्ति गलत तरीके से बाहर हो गया है, तो वह एसडीएम या डीएम के पास अपील कर अपना राशन कार्ड दोबारा बहाल करवा सकता है। प्रशासन का कहना है कि इस पूरी प्रक्रिया का मकसद पारदर्शिता लाना है ताकि मदद सही जरूरतमंदों तक पहुंचे।