Bihar: बिहार के नए पथ निर्माण मंत्री Engineer Kumar Shailendra ने सोमवार, 11 मई 2026 को अपना पदभार संभाल लिया है। पद संभालते ही उन्होंने राज्य की सड़कों और पुलों की हालत सुधारने के लिए एक बड़ा प्लान बताया है। मंत्री ने क
Bihar: बिहार के नए पथ निर्माण मंत्री Engineer Kumar Shailendra ने सोमवार, 11 मई 2026 को अपना पदभार संभाल लिया है। पद संभालते ही उन्होंने राज्य की सड़कों और पुलों की हालत सुधारने के लिए एक बड़ा प्लान बताया है। मंत्री ने कहा कि अब बिहार में महाराष्ट्र और गुजरात की तर्ज पर आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा ताकि सड़कें और पुल पहले से ज्यादा मजबूत और टिकाऊ बनें।
बिहार में सड़कों के लिए क्या है नया प्लान
मंत्री कुमार शैलेंद्र खुद एक सिविल इंजीनियर हैं, इसलिए उन्होंने तकनीकी बारीकियों पर जोर दिया है। उन्होंने घोषणा की है कि बिहार के इंजीनियरों को आधुनिक निर्माण तकनीक सीखने के लिए महाराष्ट्र और गुजरात जैसे राज्यों में ट्रेनिंग के लिए भेजा जाएगा। उनका लक्ष्य बिहार की सड़कों को वर्ल्ड क्लास बनाना है ताकि आम लोगों को बेहतर सफर मिल सके और निर्माण कार्य में तेजी आए।
किन बड़े प्रोजेक्ट्स पर रहेगा सरकार का फोकस
विभागीय बैठक के दौरान मंत्री को कई महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट्स की जानकारी दी गई। इसमें दिल्ली-कोलकाता NH-19, ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर NH-27, पटना-गया-डोभी कॉरिडोर, आमस-दरभंगा ग्रीनफील्ड कॉरिडोर और पटना रिंग रोड जैसे बड़े प्रोजेक्ट शामिल हैं। मंत्री ने साफ निर्देश दिए हैं कि काम में पूरी पारदर्शिता होनी चाहिए और केवल सक्षम ठेकेदारों को ही कॉन्ट्रैक्ट दिया जाए ताकि क्वालिटी से कोई समझौता न हो।
Frequently Asked Questions (FAQs)
बिहार में सड़कों के लिए किस राज्य की तकनीक अपनाई जाएगी
बिहार के पथ निर्माण मंत्री ने बताया है कि महाराष्ट्र और गुजरात में इस्तेमाल होने वाली आधुनिक और हाईटेक तकनीक को बिहार में लागू किया जाएगा।
इंजीनियरों की ट्रेनिंग के लिए क्या योजना है
सड़कों और पुलों के निर्माण में आधुनिकता लाने के लिए बिहार के इंजीनियरों को विशेष ट्रेनिंग के लिए दूसरे राज्यों में भेजा जाएगा।