Bihar: NEET पेपर लीक मामले में पटना में बवाल, छात्रों पर आंसू गैस और लाठीचार्ज

Bihar/Patna: पटना में बुधवार को NEET प्रश्नपत्र लीक मामले को लेकर जबरदस्त हंगामा हुआ। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे छात्र जब ‘लोक भवन मार्च’ निकाल रहे थे, तब पुलिस ने उन्हे

Bihar/Patna: पटना में बुधवार को NEET प्रश्नपत्र लीक मामले को लेकर जबरदस्त हंगामा हुआ। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे छात्र जब ‘लोक भवन मार्च’ निकाल रहे थे, तब पुलिस ने उन्हें रोकने के लिए बल प्रयोग किया। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े, पानी की बौछार की और लाठीचार्ज किया।

यह प्रदर्शन आइसा (AISA) और एआईएसएफ (AISF) जैसे छात्र संगठनों के बैनर तले किया गया था। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) को भंग किया जाए और उन छात्रों को न्याय मिले जिन्होंने परीक्षा के तनाव में आत्महत्या की। पुलिस के मुताबिक, प्रदर्शनकारी बैरिकेड तोड़ने की कोशिश कर रहे थे, जिसके कारण यह कार्रवाई करनी पड़ी। इस झड़प में पीरबहोर थाना प्रभारी को चोटें आई हैं। शहर में स्थिति संभालने के लिए एसएसपी और एसडीएम समेत भारी पुलिस बल तैनात रहा।

इस मुद्दे पर राजनीतिक पारा भी चढ़ा हुआ है। दिल्ली में राहुल गांधी और प्रियंका गांधी समेत इंडिया गठबंधन के नेताओं ने विरोध प्रदर्शन किया और शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग की। वहीं, पटना में भाजपा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय के बाहर झड़प भी हुई। विपक्षी सांसदों ने गृह मंत्री अमित शाह और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग करते हुए संसद के बाहर काले कपड़े पहनकर विरोध जताया।

दूसरी तरफ, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि कांग्रेस छात्रों को राजनीतिक हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है। संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने भी साफ किया कि सरकार लोकसभा में इस मुद्दे पर चर्चा के लिए तैयार है, लेकिन सड़क पर प्रदर्शन से कोई हल नहीं निकलेगा।

जानकारी के मुताबिक, बिहार पुलिस की आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने इस मामले की जांच रिपोर्ट सीबीआई को सौंप दी है, जिसमें जले हुए प्रश्न पत्र और पैसों के लेन-देन के सबूत मिले हैं। शिक्षा मंत्री ने पहले ही घोषणा की थी कि 2027 से नीट परीक्षा पूरी तरह कंप्यूटर आधारित टेस्ट (CBT) होगी और इसकी सीबीआई जांच कराई जाएगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस मामले में दोषियों को कड़ी सजा दिलाने का आश्वासन दिया है।