Bihar के नालंदा में नल-जल योजना फेल, बीरमपुर गांव के 80 घरों में 7 साल से नहीं पहुंचा पानी
Bihar/Nalanda: नालंदा जिले के हरनौत प्रखंड स्थित बीरमपुर गांव में सरकार की हर घर नल-जल योजना पूरी तरह ठप पड़ी है। नेहुसा पंचायत के वार्ड संख्या-19 के करीब 80 घरों में पिछले सात सालों से पानी की सप्लाई नहीं हो रही है। शुद
Bihar/Nalanda: नालंदा जिले के हरनौत प्रखंड स्थित बीरमपुर गांव में सरकार की हर घर नल-जल योजना पूरी तरह ठप पड़ी है। नेहुसा पंचायत के वार्ड संख्या-19 के करीब 80 घरों में पिछले सात सालों से पानी की सप्लाई नहीं हो रही है। शुद्ध पेयजल के लिए तरस रहे ग्रामीण अब प्रशासन से गुहार लगा रहे हैं।
ग्रामीणों ने बताया कि करीब सात साल पहले गांव में बोरिंग का काम तो पूरा हो गया था, लेकिन उसके बाद जलमीनार का निर्माण नहीं कराया गया। मोटर चालू होने के बावजूद देखरेख की कमी की वजह से व्यवस्था खराब हो गई है। इस वजह से केवल बोरिंग के पास रहने वाले कुछ घरों को ही पानी मिल पा रहा है, जबकि बाकी 80 घरों में पानी की एक बूंद भी नहीं पहुंच रही है।
इस समस्या को लेकर रविशंकर कुमार, रोहित कुमार, रंजीत कुमार, शिवशंकर कुमार, मौली सिंह, रमाकांत सिंह, उषा देवी और प्रमोद महतो समेत कई ग्रामीणों ने स्थानीय मुखिया और अधिकारियों से शिकायत की थी। हालांकि, अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं निकला है। ग्रामीण अब प्रखंड प्रशासन से जल्द से जल्द नल-जल योजना को दुरुस्त करने और नियमित जलापूर्ति शुरू करने की मांग कर रहे हैं।
इस मामले पर हरनौत के प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) डॉ. पंकज कुमार ने कहा कि यह मामला उनके संज्ञान में आ गया है और जल्द ही इस समस्या का समाधान किया जाएगा।
बता दें कि बिहार में नल-जल योजना के क्रियान्वयन को लेकर कई जगह शिकायतें आ रही हैं। बिजली बिल का भुगतान न होना और जमीन विवाद जैसे कारणों से कई जगह यह योजना प्रभावित हुई है। इसी सिलसिले में बिहार विधानसभा अध्यक्ष प्रेम कुमार ने संबंधित विभागों के साथ बैठक की थी और PHED मंत्री संजय कुमार सिंह ने जिलावार बैठकें कर शिकायतों को दूर करने का भरोसा दिया है। साथ ही, पंचायती राज मंत्री दीपक प्रकाश भी जल्द ही नालंदा का दौरा कर जमीनी हकीकत की जांच करेंगे।