Bihar के किशनगंज में 3 करोड़ की हेरोइन बरामद, अंतरराज्यीय गिरोह के 3 तस्कर गिरफ्तार

Kishanganj: बिहार के किशनगंज जिले में पुलिस ने नशे के कारोबार के खिलाफ एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। पुलिस ने एक अंतरराज्यीय तस्करी गिरोह के तीन सदस्यों को गिरफ्तार किया है, जिनके पास से करीब 3 करोड़ रुपये कीमत की हेरोइन

Kishanganj: बिहार के किशनगंज जिले में पुलिस ने नशे के कारोबार के खिलाफ एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। पुलिस ने एक अंतरराज्यीय तस्करी गिरोह के तीन सदस्यों को गिरफ्तार किया है, जिनके पास से करीब 3 करोड़ रुपये कीमत की हेरोइन बरामद हुई है। यह पूरी कार्रवाई पुलिस की एक विशेष टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर की।

यह घटना रविवार शाम को रामपुर चेक पोस्ट के पास हुई। पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार के निर्देश पर एसडीपीओ-1 खुसरू सिराज के नेतृत्व में एक टीम बनाई गई थी, जिसमें एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) और जिला आसूचना इकाई के जवान शामिल थे। पुलिस को खबर मिली थी कि तस्करों की एक बड़ी खेप किशनगंज पहुंचने वाली है, जिसके बाद चेक पोस्ट पर वाहनों की सघन जांच शुरू की गई। इसी दौरान मालदा (पश्चिम बंगाल) से आ रही एक बस से दो लोग उतरे और वहां पहले से मौजूद एक अन्य व्यक्ति से मिलने लगे। पुलिस को देख तीनों ने भागने की कोशिश की, लेकिन टीम ने उन्हें घेरकर पकड़ लिया।

पकड़े गए आरोपियों की पहचान फिरोज अंसारी (22), अमजद अंसारी उर्फ इस्मता (28) और रहीस अंसारी उर्फ सागर साह (23) के रूप में हुई है। ये तीनों बहादुरगंज थाना क्षेत्र के लोहागारा इस्तमा टोला के रहने वाले हैं। पुलिस ने इनके पास से 1.500 किलोग्राम हेरोइन, चार मोबाइल फोन और 9,950 रुपये नकद बरामद किए हैं। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इस हेरोइन की कीमत लगभग 3 करोड़ रुपये बताई जा रही है।

पूछताछ में आरोपियों ने कबूला कि वे एक सिंडिकेट बनाकर नशे की खरीद-बिक्री और तस्करी करते थे। इस गिरोह के तार पश्चिम बंगाल के मालदा और बिहार के किशनगंज के कई अन्य तस्करों से जुड़े हैं। बरामद खेप को मालदा से बहादुरगंज ले जाया जा रहा था। पुलिस अब इस सिंडिकेट के अन्य सदस्यों की तलाश में छापेमारी कर रही है और तस्करी से बनाई गई अवैध संपत्ति को जब्त करने की तैयारी में है। इस मामले में किशनगंज थाना में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 111 और एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया है।