Bihar: गोपालगंज और बेतिया को जोड़ने वाला जादोपुर-मंगलपुर महासेतु खतरे में है। गंडक नदी पर बने इस पुल के पिलर नंबर 5 में धंसाव देखा गया है, जिसकी वजह से दो स्पैन के बीच 5 से 7 इंच का गैप आ गया है। इस स्थिति को देखते हुए प
Bihar: गोपालगंज और बेतिया को जोड़ने वाला जादोपुर-मंगलपुर महासेतु खतरे में है। गंडक नदी पर बने इस पुल के पिलर नंबर 5 में धंसाव देखा गया है, जिसकी वजह से दो स्पैन के बीच 5 से 7 इंच का गैप आ गया है। इस स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने एहतियातन भारी वाहनों की एंट्री बंद कर दी है ताकि किसी बड़े हादसे को रोका जा सके।
पुल की मौजूदा हालत और प्रशासन का एक्शन
23 मई 2026 को सामने आई इस जानकारी के बाद गोपालगंज के जिलाधिकारी पवन कुमार सिन्हा ने तुरंत कार्रवाई की। फिलहाल पुल पर केवल छोटे और हल्के वाहनों को ही सावधानी से निकलने की इजाजत है। जिलाधिकारी ने बताया कि मामले को गंभीरता से लिया गया है और इसकी जांच के लिए पटना के NIT और IIT की एक्सपर्ट टीमों को रिपोर्ट भेजी गई है। जल्द ही तकनीकी टीम मौके पर पहुंचकर पुल की स्थिति का जायजा लेगी और मरम्मत के उपाय बताएगी।
कितनी लागत से बना था यह महासेतु
इस पुल के निर्माण और इतिहास से जुड़ी कुछ अहम जानकारियां इस प्रकार हैं:
- पुल का नाम: जादोपुर-मंगलपुर महासेतु (बिसुनपुर-मंगलपुर गंडक ब्रिज)
- लागत: निर्माण में लगभग 549 करोड़ रुपये खर्च हुए (कुछ रिपोर्ट्स में 330 करोड़ का जिक्र है)
- लंबाई: लगभग 1.92 किलोमीटर
- उद्घाटन: 17 मार्च 2016 को तत्कालीन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने किया था
स्थानीय लोगों की चिंता और पुराना रिकॉर्ड
पुल में दरारें आने से स्थानीय लोगों में डर का माहौल है। लोगों का कहना है कि अगर समय रहते मरम्मत नहीं हुई तो बड़ी दुर्घटना हो सकती है। गौरतलब है कि साल 2020 में भी बाढ़ और नदी के दबाव के कारण इस पुल के पहुंच पथ में दरारें आई थीं, जिन्हें बाद में ठीक कर दिया गया था। अब एक बार फिर संरचनात्मक गड़बड़ी ने यात्रियों की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
जादोपुर-मंगलपुर महासेतु में क्या समस्या आई है?
पुल के पिलर नंबर 5 में धंसाव होने के कारण दो स्पैन के बीच 5 से 7 इंच का गैप (दरार) आ गया है, जिससे पुल की मजबूती पर असर पड़ा है।
क्या अभी इस पुल से गाड़ियां गुजर सकती हैं?
प्रशासन ने भारी वाहनों के आवागमन पर पूरी तरह रोक लगा दी है, लेकिन छोटे और हल्के वाहनों को सावधानीपूर्वक गुजरने की अनुमति दी गई है।