Bihar के भागलपुर में NEET विवाद पर कांग्रेस का प्रदर्शन, शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग
Bhagalpur: NEET परीक्षा में पेपर लीक के आरोपों और छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई के खिलाफ भागलपुर में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मोर्चा खोल दिया है। कांग्रेस ने समाहरणालय गेट पर जोरदार प्रदर्शन किया और केंद्र सरकार के खिलाफ
Bhagalpur: NEET परीक्षा में पेपर लीक के आरोपों और छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई के खिलाफ भागलपुर में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मोर्चा खोल दिया है। कांग्रेस ने समाहरणालय गेट पर जोरदार प्रदर्शन किया और केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने मांग की है कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान तुरंत अपने पद से इस्तीफा दें और NTA की निष्पक्ष जांच हो।
यह विरोध प्रदर्शन उस समय हुआ जब पूरे देश में NEET-UG 2026 को लेकर भारी नाराजगी है। बिहार के अन्य जिलों जैसे कटिहार और बेगूसराय में भी विरोध मार्च निकाले गए, जहां पत्थरबाजी के बाद पुलिस ने लाठीचार्ज किया। पटना में भी AISA के नेतृत्व में लोक भवन मार्च निकालने की कोशिश की गई, जिसे रोकने के लिए पुलिस ने आंसू गैस और वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पेपर लीक को एक गंभीर पाप बताया है और दोषियों को कड़ी सजा देने के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने का ऐलान किया है। बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने भी साफ किया है कि पेपर लीक करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। वहीं, नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने अब तक 110 उम्मीदवारों को अनुचित साधनों के इस्तेमाल के कारण परीक्षा से बाहर कर दिया है।
जांच की कमान अब CBI के हाथों में है। बिहार गृह विभाग ने पटना में दर्ज मामले की जांच CBI को सौंपने की सहमति दे दी है। NTA ने यह भी पुष्टि की है कि पटना में मिले आधे जले हुए प्रश्न पत्र का संबंध झारखंड के हजारीबाग स्थित ओएसिस स्कूल से था। विपक्षी दल और छात्र संगठन अब भी इस मुद्दे पर संसद में चर्चा और जवाबदेही की मांग कर रहे हैं।