Bihar: बांका जिले के धोरैया इलाके में एक सड़क हादसे ने एक हंसते-खेलते परिवार की खुशियां छीन लीं। गछिया गांव के रहने वाले 29 वर्षीय Ravi Kumar की इलाज के दौरान मौत हो गई। परिवार का आरोप है कि समय पर सही इलाज न मिलने और अस
Bihar: बांका जिले के धोरैया इलाके में एक सड़क हादसे ने एक हंसते-खेलते परिवार की खुशियां छीन लीं। गछिया गांव के रहने वाले 29 वर्षीय Ravi Kumar की इलाज के दौरान मौत हो गई। परिवार का आरोप है कि समय पर सही इलाज न मिलने और अस्पतालों के बीच भागदौड़ करने की वजह से युवक की जान गई।
क्या था पूरा मामला और कैसे हुई मौत
यह हादसा 20 फरवरी को गछिया गांव में हुआ था। घायल Ravi Kumar को पहले स्थानीय स्तर पर इलाज मिला, जिसके बाद 21 फरवरी को उन्हें Siliguri के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया। करीब 78 दिनों तक मौत से जंग लड़ने के बाद 8 मई 2026 को उन्हें भागलपुर के JLNMCH Mayaganj ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
इलाज पर खर्च हुए लाखों रुपये, अब मुआवजे की मांग
Ravi Kumar एक बिजनेसमैन थे और अपने पीछे पत्नी Malati Devi, दो बेटे और दो बेटियां छोड़ गए हैं। परिजनों ने बताया कि उन्होंने युवक को बचाने के लिए करीब 17 से 18 लाख रुपये खर्च किए, लेकिन तमाम कोशिशों के बाद भी वह नहीं बच सके। अब पीड़ित परिवार सरकार से उचित मुआवजे की मांग कर रहा है।
सड़क सुरक्षा को लेकर विशेषज्ञों की सलाह
इस घटना के बाद विशेषज्ञों ने लोगों से सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने की अपील की है। उन्होंने बताया कि हेलमेट और सीटबेल्ट का इस्तेमाल करना, तेज रफ्तार से बचना और शराब पीकर गाड़ी न चलाना जैसे छोटे कदम बड़े हादसों को रोक सकते हैं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
Ravi Kumar की मौत कब और कैसे हुई
Ravi Kumar की मौत 8 मई 2026 को हुई। वह 20 फरवरी को हुए एक सड़क हादसे में घायल हुए थे और 78 दिनों तक इलाज चलने के बाद उनकी जान गई।
परिवार ने इलाज पर कितना पैसा खर्च किया
परिजनों के अनुसार, उन्होंने Ravi Kumar के इलाज के लिए सिलीगुड़ी और अन्य अस्पतालों में लगभग 17 से 18 लाख रुपये खर्च किए थे।