Bhagalpur: TNB लॉ कॉलेज में सीटों की कटौती पर बवाल, छात्र संगठनों ने दी आमरण अनशन की चेतावनी
Bhagalpur: टीएनबी विधि महाविद्यालय (TNB Law College) में पांच वर्षीय लॉ कोर्स बंद होने और नामांकन प्रक्रिया में बदलाव को लेकर छात्रों में भारी नाराजगी है। युवा कांग्रेस और एनएसयूआई (NSUI) ने इस मुद्दे पर मोर्चा खोल दिया
Bhagalpur: टीएनबी विधि महाविद्यालय (TNB Law College) में पांच वर्षीय लॉ कोर्स बंद होने और नामांकन प्रक्रिया में बदलाव को लेकर छात्रों में भारी नाराजगी है। युवा कांग्रेस और एनएसयूआई (NSUI) ने इस मुद्दे पर मोर्चा खोल दिया है और मांगें पूरी न होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
छात्र संगठनों का मुख्य विरोध तीन वर्षीय एलएलबी पाठ्यक्रम में सीटों की संख्या घटाने को लेकर है। पहले इस कोर्स में 324 सीटों पर नामांकन होता था, जिसे अब घटाकर 120 कर दिया गया है। छात्रों का आरोप है कि तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय (TMBU) के स्थानीय छात्रों को नजरअंदाज किया जा रहा है और निजी संस्थानों से आने वाले अधिक प्रतिशत वाले छात्रों को प्राथमिकता दी जा रही है।
इस मुद्दे को लेकर 13 जुलाई 2026 को युवा कांग्रेस और एनएसयूआई ने कॉलेज परिसर में एक दिवसीय सांकेतिक धरना दिया था। इसके बाद 15 जुलाई 2026 को एक और प्रदर्शन किया गया। छात्र नेताओं ने साफ कहा है कि अगर सीटों की संख्या दोबारा बढ़ाकर 324 नहीं की गई, तो वे चरणबद्ध तरीके से आंदोलन करेंगे और जरूरत पड़ने पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल (आमरण अनशन) पर बैठेंगे।
दूसरी ओर, आधिकारिक जानकारी के अनुसार कॉलेज में शिक्षकों और संसाधनों की कमी की वजह से भारतीय विधिज्ञ परिषद (BCI) के निर्देशों के तहत सीटों की संख्या कम की गई थी और पांच वर्षीय कोर्स में नामांकन रोका गया था। कॉलेज को जुलाई 2024 में बीसीआई से सशर्त मान्यता मिली थी।
सत्र 2026-27 के लिए नामांकन प्रक्रिया की महत्वपूर्ण तिथियां इस प्रकार हैं:
| विवरण | तारीख |
|---|---|
| ऑफलाइन आवेदन | 23 जून से 04 जुलाई 2026 |
| पहली मेधा सूची | 09 जुलाई 2026 |
| पहली सूची से नामांकन | 10 से 13 जुलाई 2026 |
| दूसरी मेधा सूची | 14 जुलाई 2026 |
| दूसरी सूची से नामांकन | 15 और 16 जुलाई 2026 |
| तीसरी सूची और कोटा सीट | 17 जुलाई 2026 |
| तीसरी सूची से नामांकन | 18 जुलाई 2026 |
| कक्षाओं की शुरुआत | 20 जुलाई 2026 |
प्रवेश प्रक्रिया योग्यता के आधार पर हो रही है, जिसमें सामान्य वर्ग के लिए 45%, ओबीसी/ईबीसी के लिए 42% और एससी/एसटी वर्ग के लिए 40% न्यूनतम अंक निर्धारित किए गए हैं।