Delhi: आम आदमी पार्टी के संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल शुक्रवार, 24 अप्रैल 2026 को लोधी एस्टेट स्थित 95 नंबर के टाइप-VII सरकारी बंगले में शिफ्ट हो गए हैं। केंद्र सरकार ने कोर्ट के आदेश के बाद उन्ह
Delhi: आम आदमी पार्टी के संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल शुक्रवार, 24 अप्रैल 2026 को लोधी एस्टेट स्थित 95 नंबर के टाइप-VII सरकारी बंगले में शिफ्ट हो गए हैं। केंद्र सरकार ने कोर्ट के आदेश के बाद उन्हें यह आवास आवंटित किया है। केजरीवाल ने खुद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इसकी जानकारी देते हुए बताया कि वह अपने परिवार के साथ इस नए घर में रहने आ गए हैं।
केजरीवाल को सरकारी बंगला कैसे मिला?
अरविंद केजरीवाल को यह बंगला केंद्र सरकार द्वारा अक्टूबर 2025 में आवंटित किया गया था। दरअसल, दिल्ली हाई कोर्ट ने आवास आवंटन में हो रही देरी पर केंद्र सरकार को फटकार लगाई थी। कोर्ट ने कहा था कि सरकारी आवास देने की प्रक्रिया पारदर्शी होनी चाहिए और यह अधिकारियों की मर्जी पर निर्भर नहीं होनी चाहिए। इसके बाद केंद्र ने उन्हें राष्ट्रीय पार्टी के संयोजक होने के नाते यह घर दिया।
टाइप-VII बंगले के नियम और पात्रता क्या है?
सरकारी नियमों के मुताबिक, टाइप-VII बंगले बड़े आधिकारिक आवास होते हैं जो वरिष्ठ नौकरशाहों या मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय दलों के नेताओं को दिए जाते हैं। ये बंगले टाइप-VIII से ठीक नीचे आते हैं, जो केवल केंद्रीय कैबिनेट मंत्रियों के लिए होते हैं। नियमों के अनुसार, किसी राष्ट्रीय पार्टी का अध्यक्ष दिल्ली में एक सरकारी आवास का हकदार होता है, बशर्ते उसके पास अपना कोई घर न हो या वह किसी अन्य सरकारी पद से घर न ले रहा हो।
इस पूरे मामले की टाइमलाइन क्या रही?
| समय |
महत्वपूर्ण घटना |
| अप्रैल 2023 |
AAP ने राष्ट्रीय सचिव के लिए आवास की मांग की |
| सितंबर 2024 |
अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दिया |
| सितंबर 2025 |
दिल्ली हाई कोर्ट ने केंद्र की धीमी प्रक्रिया की आलोचना की |
| अक्टूबर 2025 |
केंद्र सरकार ने टाइप-VII बंगले का आवंटन किया |
| 24 अप्रैल 2026 |
केजरीवाल परिवार के साथ बंगले में शिफ्ट हुए |