Air India का बड़ा ऐलान, अब Mumbai से Toronto के लिए मिलेंगी सीधी फ्लाइट, Delhi रूट पर भी समय की होगी बचत

World: Air India अपने कनाडा ऑपरेशंस को काफी बढ़ा रहा है। कंपनी ने अब मुंबई और टोरंटो के बीच नई सीजनल फ्लाइट शुरू करने का फैसला किया है। इसके साथ ही दिल्ली से टोरंटो जाने वाले यात्रियों के लिए सफर अब और आसान और छोटा होने

World: Air India अपने कनाडा ऑपरेशंस को काफी बढ़ा रहा है। कंपनी ने अब मुंबई और टोरंटो के बीच नई सीजनल फ्लाइट शुरू करने का फैसला किया है। इसके साथ ही दिल्ली से टोरंटो जाने वाले यात्रियों के लिए सफर अब और आसान और छोटा होने वाला है।

Air India 25 अक्टूबर 2026 से मुंबई और टोरंटो के बीच सीधी फ्लाइट सेवा शुरू करेगी। यह सेवा 26 मार्च 2027 तक चलेगी और हफ्ते में तीन दिन उपलब्ध होगी। इस रूट पर Boeing 777-300ER विमान का इस्तेमाल होगा, जिसमें फर्स्ट क्लास, बिजनेस क्लास और इकोनॉमी क्लास की सुविधा मिलेगी। साथ ही यात्रियों के लिए ऑनबोर्ड वाई-फाई की सुविधा भी होगी। मुंबई से सीधी फ्लाइट शुरू होने से पश्चिमी और दक्षिणी भारत के लोगों को काफी सुविधा होगी, क्योंकि अब उन्हें टोरंटो जाने के लिए दूसरे शहरों का चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा।

दिल्ली से टोरंटो जाने वाले यात्रियों के लिए भी अच्छी खबर है। 1 अगस्त 2026 से इस रूट पर नए Boeing 787-9 Dreamliner विमान उतारे गए हैं। पहले इन फ्लाइट्स को ईंधन भरने के लिए वियना में रुकना पड़ता था, लेकिन अब यह सफर बिना रुके पूरा होगा। इससे यात्रा के समय में करीब तीन घंटे की कमी आएगी और अब यह सफर 20 घंटे के बजाय 17 घंटे में पूरा हो जाएगा। साथ ही, दिल्ली-टोरंटो रूट पर अब हफ्ते में पांच के बजाय हर दिन फ्लाइट्स चलेंगी।

सुविधा/रूट विवरण
मुंबई-टोरंटो रूट 25 अक्टूबर 2026 से 26 मार्च 2027 तक (सीजनल)
विमान (मुंबई रूट) Boeing 777-300ER
दिल्ली-टोरंटो समय 20 घंटे से घटकर 17 घंटे हुआ
विमान (दिल्ली रूट) Boeing 787-9 Dreamliner
कुल साप्ताहिक फ्लाइट्स भारत-कनाडा के बीच कुल 20 फ्लाइट्स
नई सुविधाएं प्रीमियम इकोनॉमी और बिजनेस क्लास सूट्स

Air India के CEO कैंपबेल विल्सन ने कहा कि कनाडा भारतीय प्रवासियों के लिए एक बड़ा गेटवे है। कंपनी के CCO निपुण अग्रवाल ने बताया कि कनाडा उनके सबसे महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय बाजारों में से एक है और इन बदलावों का मकसद एयरलाइन को वर्ल्ड क्लास बनाना है। इस विस्तार से हर महीने भारत और कनाडा के बीच करीब 4,400 अतिरिक्त सीटें बढ़ेंगी।